झज्जर। एक समय था जब लोग एड्स की जांच कराने से कतराते थे। समय पर जांच न होने पर बीमारी दूसरों तक पहुंच जाती थी लेकिन अब लोगों में जागरूकता बढ़ी है। जरा से भी लक्षण नजर आते ही लोग एचआईवी की जांच कराते अस्पताल पहुंचते हैं। यही वजह है कि एक साल में 42 हजार 550 लोग जांच कराने पहुंचे। इनमें 188 लोगों को एड्स की पुष्टि हुई। चिकित्सकों का कहना है कि जागरूकता से इसका काफी हद तक बचाव संभव है।
इस साल में अप्रैल से अक्तूबर तक 188 एड्स/एचआईवी पीड़ित मिल चुके हैं। इनमें 180 सामान्य मरीज में से पॉजिटिव सामने आए हैं जबकि 8 गर्भवती महिलाएं पॉजिटिव मिली है। 2019 में जहां 179 एड्स पीड़ित पूरे साल में मिले थे। इस साल अक्तूबर तक 188 पीड़ित मिल चुके हैं। जिले में सबसे ज्यादा 143 बहादुरगढ़ क्षेत्र के हैं। इसमें 8766 सामान्य लोगों के टेस्ट हुए जिसमें 139 एड्स/एचआईवी पीड़ित मिले हैं। इसके अलावा 7871 गर्भवतियों की जांच हुई। इसमें 4 गर्भवती पॉजिटिव मिलीं। इसी प्रकार से झज्जर सिविल अस्पताल में 6233 के सामान्य टेस्ट हुए, जिसमें अब तक 27 एचआईवी पीड़ित मिले हैं। 6287 गर्भवतियों की जांच में 3 महिलाएं पॉजिटिव मिली।
बेरी अस्पताल में 4873 लोगों की जांच हुई जिसमें 5 सामान्य मरीज मिले। 2101 गर्भवती की जांच हुई। इसमें कोई महिला पॉजिटिव नहीं मिली। मातनहेल में 5549 टेस्ट हुए, जिसमें 9 मरीज मिले। 960 गर्भवतियों की जांच में एक महिला पॉजिटिव मिली। विभाग द्वारा कराए गए सर्वे के अनुसार पूरे जिले में लगभग 2 हजार एचआईवी पीड़ित हैं, जिसमें से झज्जर से 870, बहादुरगढ़ से 550 और गिरावड़ से 40 मरीज दवा ले रहे हैं। यह सभी मरीज रजिस्टर्ड हैं जबकि बाकी बचे अपने-अपने दूसरे जिलों या राज्यों में रजिस्टर्ड हैं। एड्स/एचआईवी पीड़ितों में 45 प्रतिशत महिलाएं और लगभग 55 प्रतिशत पुरुष हैं।
राहत...गर्भवती महिला के बच्चों में नहीं मिला एड्स
अधिकारियों की मानें तो तलाक या जीवनसाथी की मौत के बाद दूसरी शादी करने वालों में एड्स के मामले बढ़ रहे हैं। जिले में अब तक 17219 गर्भवती महिलाओं की जांच हुई, जिसमें से 8 पॉजिटिव मिली है। राहत की बात यह है कि जिले में चार साल में एड्स पीड़ित गर्भवती महिलाओं से उनके होने वाले बच्चों को एड्स/एचआईवी से बचाव के लिए दवा दी जा रही है। इसके चलते कोई बच्चा एड्स पीड़ित नहीं आया है।
टीबी मरीज भी मिल रहे पॉजिटिव
सिविल अस्पताल में ऐसे 4 टीबी मरीज सामने आए हैं। जिनको एचआईवी पॉजिटिव मिला है। यहां कुल 1136 मरीजों की दोनों तरह की जांच की गई।
एचआईवी पीड़ितों का आंकड़ा
वर्ष पीड़ितों की संख्या गर्भवती महिलाएं मिली पॉजिटिव
2019 179 12
2020 112 9
2021 142 10
2022 200 10
2023 अब तक 180 8
वर्जन
एड्स/एचआईवी के प्रति लोगों को जागरूक होने की आवश्यकता है। जो मरीज पॉजिटिव पाए जाते हैं, उनको दवाएं दी जाती है। एक दिसंबर को विश्व एड्स दिवस पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण में जागरूकता कार्यक्रम होगा।
राजेंद्र कुमार, काउंसलर, सिविल अस्पताल, झज्जर