झज्जर। जिले में ग्रामीण क्षेत्रे के सर्वे के लिए टीमों का गठन किया और 10 दिन में हेल्थ डाटा तैयार करने के आदेश जारी किए। ऐसा इसलिए क्योंकि कोरोना की दस्तक गांवों में हो चुकी थी। ऐसे में डीसी जितेंद्र कुमार ने योजना के तहत कार्य करते हुए टीमों का गठन किया।
बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों और जिलों के व डीसी से वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये बातचीत की थी। जिसमें उन्होंने सभी जिलों के डीसी व डीएम को कोरोना महामारी से इस लड़ाई में अपने-अपने जिलों के प्रथम योद्धा और फील्ड कमांडर बताते हुए अपने-अपने जिलों को कोरोना मुक्त करने की बड़ी जिम्मेदारी सौंपी थी। इसके बाद झज्जर के डीसी जितेंद्र कुमार ने कोरोना संक्रमण की चेन को तोड़ने की लिए सर्वे टीमें बनाई। उसी का असर है की होम आइसोलेशन में रहते हुए करीब 15 हजार मरीज ठीक हो चुके हैं। वहीं सर्वे टीम डोर टू डोर करीब आठ लाख लोगों का हेल्थ डाटा तैयार कर चुकी है।
- मात्र दस दिन में 262 गांवों में पहुंची टीम
टीमों को हेल्थ डाटा तैयार करने के लिए मात्र 10 दिन का समय दिया गया था। इन 10 दिन में 257 ग्रामीण स्वास्थ्य सर्वे टीमों ने 1,43,566 घरों में दस्तक देकर 7,27,315 लोगों की स्वास्थ्य जांच की। जिले में सर्वे का काम 16 मई को शुरू किया गया था। वहीं अब चार दिन में जिले के ईंट भट्ठों के लिए गठित 36 सर्वे टीमों ने वहां पर करीब 12 हजार कच्चे घरों में दस्तक देते हुए करीब 50 हजार सदस्यों की स्क्रीनिंग की है। वहीं आगामी योजना के तहत अब शहरी क्षेत्र का सर्वे किया जाएगा।
जिला प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग की मुहिम पूरी तरह से रंग लाई है। एक टीम भावना से काम करते हुए जिला कोरोना मुक्त होने की तरफ अग्रसर है। जिले में तेजी से कोरोना के केसों में कमी आ रही है। आगे भी टीम भावना से काम किया जाएगा।
-डॉ. संजय दहिया, सीएमओ, झज्जर।
माइक्रो प्लानिंग तैयार कर जिले के हर व्यक्ति का हेल्थ डेटा तैयार किया जा रहा है। ग्रामीण क्षेत्र के बाद अब शहरी क्षेत्र का सर्वे कर हर व्यक्ति का हेल्थ डाटा प्रशासन के पास होगा। पूरे जिले में टीम भावना से काम करते हुए जिला अब कोरोना मुक्त होने की तरफ बढ़ रहा है।
- जितेंद्र कुमार, डीसी, झज्जर।