अपने गांव के लिए रवाना होते प्रवासी श्रमिक।
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झज्जर। लॉकडाउन में प्रवासी श्रमिकों को उनके गृह जिलों में भेजने का कार्य झज्जर जिला प्रशासन की ओर से किया जा रहा है। बुधवार को झज्जर, बादली व बेरी उपमंडल के अंतर्गत कुल 16 रोडवेज बसों से 548 प्रवासी श्रमिकों को मध्यप्रदेश जाने वाली स्पेशल श्रमिक ट्रेन के लिए गुरुग्राम रेलवे स्टेशन के लिए रवाना किया गया। झज्जर जिला मुख्यालय व बेरी उपमंडल मुख्यालय से सभी बसें प्रवासी श्रमिकों को लेकर गुरुग्राम के लिए रवाना हुई।
उपायुक्त जितेंद्र कुमार के मार्गदर्शन में प्रवासी श्रमिकों को मध्यप्रदेश के डमोह स्टेशन के लिए भेजा जा रहा है जहां से वे अपने गृह जिलों में पहुंचेंगे। झज्जर जिला मुख्यालय पर एसडीएम शिखा व बादली एसडीएम विशाल कुमार तथा बेरी में एसडीएम डा. राहुल नरवाल की देखरेख में सभी बसें प्रवासी श्रमिकों को बैठाकर गुरुग्राम के लिए रवाना हुई। नोडल अधिकारी एवं सीटीएम डॉ. सुभिता ढाका ने बताया कि झज्जर उपमंडल के 426 प्रवासी श्रमिकों को 12 रोडवेज बसों में, बादली उपमंडल के 60 प्रवासी श्रमिकों को 2 बसों से तथा बेरी उपमंडल के 62 प्रवासी श्रमिकों को 2 रोडवेज बसों में भेजने की व्यवस्था जिला प्रशासन की ओर से की गई है। बुधवार को राजकीय नेहरू महाविद्यालय परिसर में प्रवासी श्रमिकों के स्वास्थ्य की जांच उपरांत पूरा रिकार्ड तैयार करते हुए एसडीएम झज्जर शिखा व एसडीएम बादली विशाल कुमार की देखरेख में बसें गुरुग्राम की ओर रवाना हुई। वहीं बेरी में एसडीएम डॉ. राहुल नरवाल ने निर्धारित नियमों के अनुरूप सभी प्रवासी श्रमिकों को बस के माध्यम से गुरुग्राम रेलवे स्टेशन के लिए रवाना किया।
रात को रोके अस्थायी शेल्टर होम में
अस्थायी शेल्टर होम में प्रवासी श्रमिकों को रात्रि भोजन के साथ ही सुबह का नाश्ता जिला प्रशासन की ओर से करवाया गया। वहीं सभी को मास्क, पानी की बोतल व बिस्कुट के पैकेट दिए गए। रोडवेज बसों में अपने गृह जिलों में जाने के लिए उत्साहित हुए प्रवासी श्रमिकों ने जिला प्रशासन की ओर से उन्हें भेजने के लिए उठाए कदमों सहित ठहराव की व्यवस्था करने के लिए खुशी जताई। साथ ही हरियाणा सरकार द्वारा उनकी यात्रा निशुल्क कराते हुए सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया। झज्जर में तहसीलदार नरेंद्र दलाल व नगरपालिका सचिव अरूण नांदल सहित अन्य संबंधित कर्मियों द्वारा व्यवस्थापूर्ण ढंग से प्रवासी श्रमिकों को गुरुग्राम के लिए बसों में बैठाकर भेजा।