सेना से रिटायर्ड शहीद मेजर अमित देशवाल के पिता ऋषिराम ने कहा कि उन्हें अपने बेटे पर गर्व है, जिसने अपनी जान की परवाह न करते हुए आतंकियों के खिलाफ लड़ाई जारी रखी। गांव सुरेहती में बेटे को अंतिम विदाई देने के बाद उन्होंने कहा कि वे चाहते हैं कि उनका छोटा बेटा भी फौज में भर्ती होकर देश सेवा के लिए काम करें। उन्होंने कहा कि देश के लिए जान देने वाले बेटे की मौत पर हमें कोई अफसोस नहीं है बल्कि गर्व है। शहीद की मां बेदवती ने कहा कि वो अपने दूसरे बेटे को भी सेना में भर्ती कराकर फख्र महसूस करेगी। बहन सीमा ने नेताओ को नसीहत दी कि जिस तरह उनके भाई ने देश के लिए शहादत दी है। उसी प्रकार नेताआें को जात-पांत से ऊपर उठकर देश हित में कार्य करने चाहिए। अमित का मानना था कि अगर युवा बढे़गा तो देश बढे़गा।
ये लोग पहुंचे शहीद को विदाई देने ः इस मौके पर कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़, पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा, बहादुरगढ़ विधायक नरेश कौशिक, झज्जर विधायक गीता भुक्कल, बेरी विधायक डा.रघुबीर सिंह कादियान, पुलिस महानिदेशक डॉ.के.पी.सिंह, ले.कर्नल तरूवेश भनोट, ले.कर्नल दीवान सिंह, ले.कर्नल मोहम्मद तवरेज व पूर्व ले.जनरल राज कादियान आदि।