झज्जर। योगेश रंजन ने बताया कि सनातन धर्म परंपरा में फाल्गुन मास कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि का बड़ा महत्व है। मान्यता है कि इस दिन जो व्यक्ति भगवान श्रीराम और माता सीता की पूजा अर्चना करता है उसे विशेष फल की प्राप्ति होती है।
वह श्री कांशी गिरि मंदिर महाराज मंदिर में जानकी जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में श्रद्धालुओं को संबोधित कर रहे थे। मंदिर में 290 वां सुंदरकांड पाठ एवं भजन संध्या का आयोजन किया गया।
इस मौके पर ताराचंद भूटानी, भारत भूषण नंदा, राजेंद्र वधवा, योगेश रंजन ने भजन प्रस्तुत कर श्रद्धालुओं को भाव विभोर कर दिया। कार्यक्रम में पंडित श्रीभगवान कौशिक, वीके शर्मा, हरीश अरोड़ा, राजकुमार चुघ, किशन चंद बत्रा उपस्थित रहे।
इन्होंने किया संगीतमयी श्रीसुंदरकांड पाठ
मंदिर समिति के आशीष चावला, सुधांशु हंस ने बताया कि सुंदरकांड वाचक योगेश रंजन, राजेंद्र वधवा, भारत भूषण नंदा, देवेश शर्मा, राहुल शास्त्री, दिनेश दुजाना, वर्मा सुभाष, रमेश लखेरा, सुमन वधवा, प्रिया तनेजा, वीना वर्मा, सीमा तनेजा, नारायणी सरदाना, उमा गुलाटी ने संगीतमयी श्री सुंदरकांड पाठ का सामूहिक गायन किया।