-फोटो 56 : सेक्टर-9 मोड़ के नजदीक गंदे नाले के पास जलता कूड़े का ढेर। संवाद
बहादुरगढ़। शहर में विभिन्न स्थानों पर पड़े कूड़े के ढेर आग के हवाले किए जा रहे हैं। इससे न केवल वातावरण खराब हो रहा है बल्कि आमजन को भी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। प्रदूषण का स्तर भी बढ़ जाता है। मंगलवार को भी शहर में कई स्थानों पर कूड़े के ढेर में आग लगाई गई। दिनभर धुआं उठता रहा।
एनजीटी की ओर से वातावरण को प्रदूषित करने वाले सूखे पत्ते, प्लास्टिक, रबड़ या अन्य हानिकारक पदार्थ तथा गंदगी को खुले में जलाने की मनाही है, लेकिन इन नियमों को लागू कराने की जिम्मेदारी जिन विभागों के पास है वे इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। नियमों को ताक पर रखकर कूड़े कचरे व सूखे पत्ते को आग के हवाले किया जा रहा है। नजफगढ़ रोड के दुकानदार विकास शर्मा, प्रशांत, आनंद कुमार ने बताया कि मंगलवार को शहर में नजफगढ़ रोड और सेक्टर-9 मोड़ के नजदीक गंदे नाले के साथ पड़े कूड़े का ढेर दिनभर जलता रहा। शहर में पॉलीथिन और प्लास्टिक के कबाड़ को खुले में ही जलाया जा रहा है। इस प्रकार के कई मामले आ चुके हैं। प्लास्टिक में आग लगाने से निकलने वाला काला धुआं सेहत के लिए काफी हानिकारक होता है। एनजीटी के नियमानुसार खुले में कचरा जलाने पर दो से पांच हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है लेकिन प्रशासन की तरफ से इस पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।