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जिले की नौ अनाज मंडियों में चार एजेंसियां खरीदेंगी गेहूं

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जिले में एक अप्रैल से अनाज मंडियों में अनाज की सरकारी खरीद शुरू हो जाएगी। जिसके लिए प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां शुरू हो गई हैं। सरकार के आदेश पर हर वर्ष एक अप्रैल से गेहूं की सरकारी खरीद का कार्य शुरू हो जाता है। फिलहाल गेहूं की फसल पककर तैयार हो रही है। इसकी कटाई मार्च के अंतिम सप्ताह में शुरू होने की संभावना है। हालांकि उठान के लिए ट्रांसपोर्ट के टेंडर बाकी हैं, विभाग ने इसके लिए प्रक्रिया शुरू कर दी है।
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जिले में अगर कंबाइन मशीनों से गेहूं की कटाई का कार्य शुरू हुआ तो एक अप्रैल से पहले अनाज मंडियों में गेहूं की फसल पहुंचेगी। लेकिन नमी की मात्रा अधिक होने की वजह से खरीद शुरू होने में और समय लग सकता है। फिलहाल जिले में गेहूं की खरीद के लिए 9 अनाज मंडियों निर्धारित की हैं। हालांकि जिन किसानों ने कृषि विभाग के पोर्टल पर अपनी फसलों को पंजीकरण करवाया है, उन किसानों की फसल समर्थन मूल्य पर खरीदी जाएगी। इस बार सरकार ने 1975 रुपये प्रति क्विंटल गेहूं और 4650 रूपये प्रति क्विंटल सरसों का समर्थन मूल्य निर्धारित किया हुआ है।
इन स्थानों पर होगी खरीद
जिले में झज्जर, बेरी, बहादुरगढ़, धारा, बादली, ढाकला, आसौदा, माजरा डी और मातनहेल की मंडियां शामिल हैं। पिछले गेहूं की खरीद के सीजन में सरकार की तरफ से कोरोना काल के चले जिले में 31 खरीद केंद्र बनाए गए थे, ताकि किसानों को आसपास के केंद्रों पर अपना अनाज बेच सकें और सोशल डिस्टेंस भी बना रहे।
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चार एजेंसी करेंगी गेहूं की खरीद
जिले में गेहूं की खरीद के लिए सरकार की तरफ से चार खरीद एजेंसियां निर्धारित की हैं। इनमें हरियाणा वेयर हाउस कॉरपोरेशन, खाद्य पूर्ति एवं नियंत्रण उपभोक्ता मामले विभाग, हैफेड व एफसीआई की ओर से अनाज मंडियों में गेहूं की खरीद की जाएगी। अगर सरकारी खरीद के लिए अनाज मंडी में सरसों आती है तो उसकी खरीद हैफेड की तरफ से खरीद की जाएगी। विभाग ने इसके लिए प्रक्रिया शुरू कर दी है।
विभाग की ओर से जल्द ही लेबर व ट्रांसपोर्ट टेंडर कर दिए जाएंगे। अनाज मंडियों में अनाज की खरीद के लिए टीम ने निर्धारित कर एक अप्रैल को मंडियों में भेज दी जाएंगी। 9 अनाज मंडियों में अनाज की खरीद की जाएगी।
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मनीषा मेहरा, डीएफएससी, झज्जर।
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