दिल्ली के रामलीला मैदान में 28 नवंबर को होने वाले ओबीसी महासम्मेलन को भारतीय लोकतंत्र सेनानी संघ ने भी अपना समर्थन दिया है। संघ के अध्यक्ष व पूर्व विधायक रोशनलाल आर्य ने कहा कि जाट नेताओं ने अपने निजी स्वार्थों के लिए जाट समुदाय का दुरुपयोग किया है। इसमें जाट बिरादरी का कोई दोष नहीं है। उन्होंने छोटूराम को सर की उपाधि मिलने पर भी सवाल खड़ा किया है।
मंगलवार को बहादुरगढ़ में महासम्मेलन का न्योता देने आए पूर्व विधायक आर्य ने कहा कि कुछ लोग छोटूराम का नाम लेकर बाकी जातियों के लोगों को परेशान करते हैं। ऐसे में भ्रम की स्थिति बनी रहती है। उन्होंने कहा कि जाट व गैर-जाट के बीच गहरी खाई बन गई है।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि भूपेंद्र हुड्डा अयोग्य व्यक्ति हैं और अपनी अयोग्यता छुपाने के लिए उन्होंने जाट आरक्षण के नाम पर जाट समाज को बहकाया है। आर्य ने सर छोटूराम को एक बार फिर से अंग्रेजों का भक्त बताते हुए कहा कि सर की उपाधि उन्हें ही मिलती थी जो उनके भक्त थे। पूर्व विधायक ने कहा कि समाज में जातपात की गहराई खत्म करने की जरूरत है।
इस मौके पर अजीत जांगड़ा, रणबीर सैनी, सुखबीर सैनी, उमेद सैनी, सोनू सैनी, रामफल प्रजापत, दलीप पांचाल, जयपाल, बालकिशन, मांगेराम तिकाडिय़ा, महेंद्र सैनी, संजीव सैनी व राय सिंह सैनी भी मौजूद रहे।