ढांसा बार्डर पर किसानों को संबोधित करते किसान नेता।
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बादली। किसानों की ओर से भाजपा और जजपा मंत्रियों के कार्यक्रमों का बहिष्कार किया जाएगा और दोनों पार्टियों के नेताओं को कार्यक्रमों में काले झंडे दिखाए जाएंगे। यह फैसला शुक्रवार को ढांसा बॉर्डर पर किसानों ने संयुक्त रूप से लिया। नेताओं ने बताया कि एक गुरुकुल में 13 और 14 मार्च को होने वाले कार्यक्रम में भाजपा और जजपा के नेता पहुंचेंगे। यहां पर भी उनका विरोध किया जाएगा।
आंदोलनस्थल पर किसानों को संबोधित करते हुए गुलिया खाप के प्रधान विनोद बादली ने बताया कि संयुक्त मोर्चा के आह्वान पर दोनों पार्टियों के नेताओं के बहिष्कार का फैसला सर्वसम्मति से लिया गया है। शुक्रवार को चाहार खाप के प्रतिनिधि मंगल सिंह ने ढांसा बॉर्डर पर पहुंचकर ग्रामीणों और किसान से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि झज्जर गुरुकुल में भाजपा-जजपा के मंत्रियों का कार्यक्रम निर्धारित है जिसमें किसानों को विरोध प्रकट करना चाहिए।
मंगल ने बताया कि कार्यक्रम स्थल से 500 मीटर की दूरी पर किसानों का ठहराव किया जाएगा और मंत्रियों का विरोध शांतिप्रिय तरीके से करेंगे। जिसमें किसान बढ़-चढ़कर भागीदारी करें। उन्होंने कहा कि जो नेता आज किसानों के साथ नहीं है तो भविष्य में किसान भी उन नेताओं का सहयोग नहीं करेंगे। इससे पहले चाहार खाप प्रतिनिधियों की ओर से ढांसा बॉर्डर पर किसानों को सहयोग दिया गया। इस अवसर पर किसान यूनियन के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष वीरेन्द्र डागर, जयप्रकाश बेनीवाल, कपूर सिंह, प्रीतम कुकड़ौला, सतबीर गुलिया, सरजीत जहांगीरपुर, हिम्मत पहलवान, अजय मलिकपुर, एडवोकेट सतबीर गुलिया, सुदेश सांगवान, चौधरी सूरत सिंह यादव बामड़ौला, वेदपाल ठेकेदार, अनार सिंह नंबरदार डावला और मुकेश दुबलधन ने भी संबोधित किया।