झज्जर। मेरी फसल-मेरा ब्यौरा से किसानों का डाटा ई-खरीद पोर्टल पर दर्ज नहीं होने के चलते मंगलवार को बाजरे की खरीद नहीं हो पाई। इस कारण मंडियों में बाजरा लेकर पहुंचने वाले किसानों के गेट पास भी ई-खरीद पोर्टल पर नहीं काटे जा रहे। किसानों का डाटा ई-खरीद पोर्टल पर दर्ज होने के बाद खरीद शुरू की जाएगी और गेट पास काटने शुरू किए जाएंगे।
जिले की अनाज मंडियों में किसान लगातार अपना बाजरा लेकर पहुंच रहे हैं, लेकिन खरीद शुरू नहीं होने के चलते किसानों व आढ़तियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। हरियाणा सरकार की तरफ से 23 सितंबर से मंडियों में बाजरा खरीदने के लिए पत्र जारी किया गया था, लेकिन मेरी फसल मेरा ब्यौरा से किसानों का डाटा ई-खरीद पोर्टल पर दर्ज नहीं होने के चलते खरीद शुरू होने व गेट पास कटने में देरी हो रही है।
झज्जर अनाज मंडी में अब तक करीब 50 हजार क्विंटल बाजरा पहुंच चुका है। सरकार की तरफ से 2775 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से किसानों का बाजरा खरीदा जाएगा। इस बार 13 प्रतिशत नमी तक किसानों के बाजरे की खरीद होगी। आढ़ती नवीन ने कहा कि सरकार को जल्द से जल्द बाजरे की खरीद शुरू करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि मंडी में अब तक किसानों के लिए वजन काटा चालू नहीं किया गया है, जिस कारण किसान बाहर ही बाजरे का वजन कराने के लिए मजबूर है। इसके अलावा मंडी में साफ-सफाई की व्यवस्था नहीं है। वहीं, अनाज मंडी में अब तक दो नंबर गेट को नहीं खोला गया है, जिसके चलते किसानों को घूमकर गेट नंबर एक से मंडी में आना पड़ रहा है।
धान की हुई प्राइवेट खरीद
जिले की किसी भी अनाज मंडी में अब तक धान की सरकारी खरीद शुरू नहीं की गई है। झज्जर अनाज मंडी में मंगलवार को 1509 किस्म के 500 क्विंटल धान की 2800 से 3100 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से प्राइवेट खरीद की गई है। इसके अलावा मातनहेल अनाज मंडी में मंगलवार को 1509 किस्म के 300 क्विंटल धान की 3000 हजार रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से प्राइवेट खरीद की गई है।
मेरी फसल-मेरा ब्यौरा से किसानों का डाटा ई-खरीद पोर्टल पर दर्ज नहीं होने के कारण बाजरे की खरीद में देरी हो रही है। गेट नबंर-एक पर गेट पास काटने के लिए कर्मचारी की ड्यूटी लगाई गई है। किसानों का डाटा ई-खरीद पोर्टल पर दर्ज होने के बाद बाजरे की खरीद शुरू की जाएगी और गेट पास काटे जाएंगे।
- रामनिवास, सचिव, मार्किट कमेटी झज्जर