झज्जर। देवशिल्पी आदि भगवान विश्वकर्मा की जयंती जिलेभर में धूमधाम से मनाई गई। झज्जर के भगवान श्री विश्वकर्मा मंदिर में सुबह हवन का आयोजन किया गया। इसके बाद विशाल भंडारा लगा। जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। विश्वकर्मा वंशजों और कारीगरों ने मशीनों और औजारों की साफ सफाई व पूजा की। जांगिड़ समाज के प्रधान मनमोहन खडेलवाल, श्यामलाल जांगिड़, रामेश्वर, अजीतसिंह, राम प्रकाश जांगड़ा,ईश्वरसिंह आदि ने विश्वकर्मा को सृष्टि का पहला इंजीनियर बताया।
इन्होंने कहा कि भगवान विश्वकर्मा के वंशज जन्मजात तकनीक हुनरमंद इंजीनियर और कौशल विकास में निपुण होते हैं। कार्यक्रम में मंदिर विश्वकर्मा मंदिर समिति प्रधान रामौतार, सुभाष जांगड़ा, रण सिंह सिलाना, रामप्रकाश जांगड़ा, राजपाल एडवोकेट, गजे सिंह धौड़, सुल्तान सिंह जांगड़ा, कृष्ण दत्त जांगड़ा, पवन कुमार, श्रीकृष्ण, भिख राम, रामकुमार जांगड़ा, रामकुमार पटवारी, राजेश जांगड़ा, रामेश्वर शर्मा, मोजीराम, रवि दत्त, करणवीर तुंबाहेड़ी, जय भगवान, पवन कुमार, सत्यनारायण प्रधान मातनहेल, समुंदर, सोनू सहित बड़ी संख्या में जांगिड़ बंधुओं ने भाग लिया।
वहीं गांव झाड़ली स्थित एनटीपीसी थर्मल पावर प्लांट में भगवान विश्वकर्मा की जयंती मनाई गई। प्लांट के अधिकारियों, इंजीनियरों व कर्मचारियों ने हवन के उपरांत विधिवत रूप से भगवान विश्वकर्मा की पूजा की। हवन यज्ञ में मुख्य अतिथि एनटीपीसी के सीईओ सोमेश बन्दोंउपाध्याय रहे। कार्यक्रम में जीएम लक्ष्मीधर साहू, एचआर सीनियर मैनेजर राकेश कुमार बिष्ट, ऑपरेशन एजीएम चरणजीत, बीएमडी हरख्याल मीणा, एजीएम तिवारी, मैकेनिकल जीएम दिलीप कुमार, एमडी एजीएम सत्यानंद स्वामी, टीएमबी एजीएम संजय जैन, ऑपरेशन एजीएम चरणजीत सिंह, बीएमडी सीनियर मैनेजर सिद्धार्थ खरे, मैनेजर मोहम्मद हुसैन, रोटरी डिपार्टमेंट सीनियर मैनेजर हरख्याल मीणा, इन्द्र कौशिक सहित एनटीपीसी के सभी अधिकारी, इंजीनियर व कर्मचारी हवन-यज्ञ व पूजा में शामिल रहे।
वहीं खोरड़ा में आदि भगवान विश्वकर्मा को श्रद्धा के साथ याद किया गया। इस मौके पर राज मिस्त्री ने काम से अवकाश रखा और मशीनों व औजारों की साफ सफाई के उपरांत पूजा की। भगवान विश्वकर्मा को पुष्प माला अर्पित कर उन्हें श्रद्धा के साथ याद किया। गांव खोरड़ा में आयोजित कार्यक्रम में सेवानिवृत्त एसडीओ राजेंद्र प्रसाद जांगिड़, मातनहेल खंड महासचिव राजेश जांगड़ा खोरड़ा, श्री भगवान जांगड़ा, रमेश जांगड़ा आदि ने भाग लिया।