पंचायत में विचार रखते दोनों पक्षों के लोग।
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हरियाणा के झज्जर-बहादुरगढ़ जिले के बादली क्षेत्र के एक गांव निवासी समुदाय विशेष के युवक की क्षेत्र की ही युवती से विवाह को लेकर गांव बुपनियां में तनाव का माहौल है। सोमवार को गांव में इस मामले को लेकर पंचायत हुई। पंचायत ने लड़के के परिजनों को दो दिन का समय दिया है कि वे दो दिन में लड़की को उनके परिजनों के हवाले कर दें।
लड़की को परिजनों के हवाले नहीं करने पर 23 फरवरी को एक बार फिर पंचायत होगी। इस पंचायत में कड़ा फैसला लिया जाएगा। मामले को लेकर गांव के दोनों समुदायों के बीच तनाव है और पंचायत में भी ग्रामीणों का गुस्सा लड़के के परिजनों पर देखने को मिला।
बुपनियां गांव के 22 वर्षीय लड़के ने जिले के एक अन्य गांव की 23 वर्षीय लड़की से कोर्ट मैरिज की है जिसको लेकर बुपनियां गांव में पंचायत हुई। पंचायत में लड़का और लड़की पक्ष के लोग शामिल हुए जबकि बजरंग दल के सदस्यों ने भी शादी को गैर धार्मिक करार दिया साथ ही लड़के और लड़की को अलग-अलग करने की बात पर जोर दिया गया।
दोनों पक्षों की ओर से अपनी-अपनी बात रखी गई। पंचायत में एक प्रधान व सरपंच ने कहा कि किसी भी सूरत में दोनों की शादी को सामाजिक तौर पर मान्यता नहीं दी जा सकती। ऐसे में लड़के के परिजनों को पहल करते हुए लड़की उसके परिजनों के पास वापस भेज देनी चाहिए।
पंचायत में लड़के के परिजनों ने कहा कि उन्हें लड़के और लड़की के ठिकाने के बारे में कोई जानकारी नहीं है। मामला धर्म विशेष से जुड़ा होने के चलते लड़के के परिजनों के खिलाफ ग्रामीण आक्रोशित हैं। लड़की झज्जर जिले के जिस गांव की है वहां के ग्रामीणों ने कहा कि लड़की को बहला फुसला कर शादी की गई है। पंचायत में दोनों की शादी का सर्टिफिकेट भी दिखाया गया। बताया गया है कि यह सर्टिफिकेट सोशल मीडिया में वायरल हुआ है। इसके मुताबिक शादी 11 फरवरी को हुई है। गांव की चौपाल में हुई पंचायत में सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे।
गुलिया खाप के प्रधान विनोद बादली ने बताया कि पंचायत में शांति बनाए रखने का पूरा प्रयास किया गया है और आगे भी शांति से ही मामले का निपटारा किया जाएगा। फिलहाल लड़के पक्ष के लोगों को दो दिन का समय दिया गया है। इसके बाद पंचायत में फैसला लिया जाएगा। लड़की के परिजन शादी के खिलाफ हैं और किसी भी सूरत में शादी को मान्यता देने के हक में नहीं हैं। लोगों की धार्मिक और सामाजिक भावनाओं को देखते हुए पंचायत ने लड़के के परिजनों को दो दिन समय दिया है।