अमर उजाला ब्यूरो
झज्जर। सीआईए टीम ने नेपाल बॉर्डर से तस्करी करके लाई जा रही करीब पांच लाख रुपये की चरस के साथ दस साल की सजा पाने के बाद जमानत पर बाहर आए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी जमानत पर आने के बाद से हरियाणा में लगातार नशीले पदार्थों की तस्करी कर रहा था। सीआईए आरोपी से पूछताछ में जुटी है। आरोपी पर झज्जर के अलावा रोहतक, हांसी में भी नशा तस्करी के केस दर्ज है। सीआईए टीम ने यह कार्रवाई गुप्त सूचना के आधार पर की। टीम को सूचना मिली थी कि रोहतक के गांव चिड़ी निवासी सतनारायण गुरुग्राम की ओर से चरस लेकर रोहतक जाएगा। जिस पर टीम ने गुरुग्राम रोड पर ड्रेन नंबर 8 के पास पुलिस नाका लगाकर एक कार को रुकवाया। कार चालक से पूछताछ की गई तो उसने अपना नाम सतनारायण बताया। जिस पर टीम ने कार की तलाशी ली तो उसमें से चरस बरामद हुई। बरामद की गई चरस का वजन 8 किलो 100 ग्राम हुआ। इसकी कीमत करीब पांच लाख रुपये बताई गई है। आरोपी ने बताया कि वह नेपाल बॉर्डर से इसे लाया था तथा रोहतक में इसकी सप्लाई करनी थी। आरोपी के खिलाफ मादक पदार्थ अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए थाना सदर झज्जर में मामला दर्ज किया गया है।
आरोपी को हो चुकी है 10 साल की सजा
आरोपी ने सीआईए की पूछताछ के दौरान बताया कि उसके खिलाफ हांसी थाना में नशीले पदार्थ अधिनियम के तहत मामला दर्ज हुआ था। जिसमें अदालत ने 10 साल की सजा सुनाई थी। 3 साल की सजा काटने के बाद पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट से उसे जमानत मिली थी। वह उपरोक्त मामले में जमानत पर जेल से बाहर आया हुआ था।
रोहतक, झज्जर व हांसी में हैं मामले दर्ज
आरोपी ने प्राथमिक पूछताछ में तीन अन्य मामलों का भी खुलासा किया। आरोपी ने बताया कि उसके खिलाफ नशीले पदार्थ अधिनियम के तहत हांसी जिला हिसार में मामला दर्ज हुआ था। आरोपी ने बताया कि उसके खिलाफ झज्जर व रोहतक में भी नशीले पदार्थ अधिनियम के तहत एक-एक मामले पूर्व में दर्ज हैं।
तस्करी करके लाई गई चरस की खेप के साथ पकड़े गए आरोपी के खिलाफ थाना सदर झज्जर की टीम द्वारा कार्रवाई करते हुए उसे अदालत में पेश किया गया। जहां से आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
हंसराज, डीएसपी, झज्जर।