अमर उजाला ब्यूरो
बहादुरगढ़।
दिल्ली में गन प्वाइंट पर लूटी गई कार सहित दो आरोपियों को पुलिस ने बीती रात गांव जसोरखेड़ी से काबू कर लिया। इनके कब्जे से अवैध हथियार बरामद हुआ है। प्रारंभिक पूछताछ में दोनों आरोपियों से कार छीनने की तीन वारदातों का खुलासा हुआ है। वीरवार को अदालत में पेश करने के बाद दोनों को जेल भेज दिया गया।
बुधवार को बहादुरगढ़ पुलिस को सूचना मिली कि दिल्ली से करीब एक महीने पहले लूटी गई कार को बेचने के मकसद से दो युवक गांव जसोरखेड़ी आ रहे हैं। इस सूचना पर पुलिस तुरंत मुस्तैद हो गई, तमाम नाकों पर सुरक्षा का पहरा बढ़ा दिया गया। इसी दौरान जब सीआईए की टीम गांव जसोरखेड़ी में नाका लगाए हुए थी, तो वहां एक आई-20 कार आकर रुकी। गाड़ी में दो युवक सवार थे। पुलिस ने कागजात मांगे तो वे नहीं दिखा सके। शक के आधार पर पुलिस ने उनकी तलाशी की तो चालक के पास से एक अवैध पिस्तौल बरामद हुई। पूछताछ में चालक ने अपना नाम मनप्रीत निवासी हापुड़ (यूपी) बताया। जबकि साथ बैठे युवक की पहचान दिल्ली के बुवाना निवासी योगेश के तौर पर हुई है। इसके बाद पुलिस दोनों को सदर थाने ले गई। प्रारंभिक पूछताछ में दोनों ने तीन लूट की वारदात में शामिल होने की बात कबूली है।
सीआईए प्रभारी जसबीर सिंह ने बताया कि दिल्ली निवासी योगेश ने एक अप्रैल 2018 की रात को दिल्ली के पीरागढ़ी क्षेत्र से गन प्वाइंट पर एक वर्ना कार छीनी थी। इसी कार में सवार होकर योगेश ने मनप्रीत व अन्य साथियों के साथ मिलकर 6 अप्रैल को दिल्ली के जाफरपुर क्षेत्र से गन प्वाइंट पर आई-20 कार छीनी। उसी दिन ये आसौदा स्थित एक पेट्रोल पंप से आई-20 कार में 3 हजार रुपये का तेल डलवा कर फरार हो गए। वहीं मनप्रीत व कुछ युवकों ने 20 मई 2017 को जाखौदा बस स्टैंड के पास से गन प्वाइंट पर ब्रेजा कार छीनी थी। इस मामले में पिछले सप्ताह एक अन्य आरोपी को भी गिरफ्तार किया जा चुका है।
भेज दिया जेल
मामले के जांच अधिकारी एचसी विक्रम सिंह ने कहा कि दोनों के खिलाफ सदर थाने में केस दर्ज किया गया। वीरवार को अदालत में पेश करने के बाद दोनों को जेल भेज दिया गया है। वारदात में शामिल रहे अन्य आरोपियों को भी पुलिस शीघ्र गिरफ्तार करेगी।