बहादुरगढ़। शहर के सेक्टर-6 थाना पुलिस ने बहादुरगढ़ के तहसीलदार, गांव भापड़ौदा के हलका पटवारी और एक व्यक्ति व उसके पुत्र के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। इन पर गांव भापड़ौदा में 4 कनाल 12 मरले जमीन को मिलीभगत कर पारिवारिक हस्तांतरण करने का आरोप है। साथ ही पीड़ितों को जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप है। पीड़ित ने इस संबंध में एसपी को लिखित शिकायत दी थी। एसपी के आदेश पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
गांव भापड़ौदा निवासी सजनी ने बताया कि उसके पुत्र मनोज ने गांव के ही कृष्ण से 19 दिसंबर 2003 को 12 कनाल 6 मरले जमीन खरीदी थी। 12 मई 2004 को इस संबंध में इंतकाल भी मंजूर हो चुका था। इसके बाद उसने कृष्ण से उसके हिस्से की 5 कनाल 15 मरले जमीन 22 मई 2006 को खरीद ली थी। इस बारे में 15 जून 2006 को पटवारी और तहसीलदार ने इंतकाल मंजूर कर लिया था। सजनी ने बताया कि उसने और उसके बेटे ने कृष्ण के हिस्से की सारी जमीन खरीद कर ली थी और उस पर अपना कब्जा भी कर लिया था। अब उन्हें पता चला कि कृष्ण ने बहादुरगढ़ के तहसीलदार और गांव भापड़ौदा के हलका पटवारी से मिलीभगत कर 11 जनवरी 2022 को 4 कनाल 12 मरले जमीन पारिवारिक हस्तांतरण से अपने बेटे सत्यवान के नाम कर दी। इसका इंतकाल भी दर्ज कर लिया गया। इससे उनके साथ धोखाधड़ी हुई तो उन्होंने कृष्ण से बातचीत की। इस पर कृष्ण ने कहा कि अगर उन्होंने कानूनी कार्रवाई करने की कोशिश की तो वे उन्हें जान से मार देंगे। सजनी ने इसकी शिकायत एसपी को दी। एसपी के आदेश पर सेक्टर-6 थाना पुलिस ने बहादुरगढ़ तहसील के तत्कालीन तहसीलदार, भापड़ौदा के तत्कालीन हलका पटवारी, कृष्ण व उसके पुत्र के खिलाफ धोखाधड़ी और जान से मारने की धमकी देने का मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।