झज्जर। एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल के चलते एंबुलेंस सेवा प्रभावित है। एंबुलेंस पर भी एनएचएम के तहत लगे चालक कार्यरत हैं, लेकिन हड़ताल के चलते वह काम पर नहीं आ रहे हैं। ऐसे में फिलहाल एचकेआरएन के तहत लगे चालकों को एंबुलेंस पर लगाया गया है, लेकिन उनसे भी पूरी तरह से काम नहीं लिया जा रहा है।
एंबुलेंस की संख्या ज्यादा है, लेकिन चालकों की संख्या कम है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग की तरफ से एंबुलेंस चलाने के लिए 15 चालकों की मांग रोडवेज से की गई है। रोडवेज ने चालक देने के लिए अपने मुख्यालय से अनुमति मांगी है, लेकिन अभी तक अनुमति नहीं मिल सकी है। अनुमति मिलने के बाद ही रोडवेज चालकों को एंबुलेंस चलाने के लिए भेजा जाएगा। यहां बता दें कि पिछले 14 दिन से एनएचएम कर्मचारी हड़ताल पर हैं। इनमें एंबुलेंस के चालक भी शामिल हैं। जिले में कुल 22 एंबुलेंस है लेकिन हड़ताल के कारण 12 ही चल पा रही हैं। एंबुलेंसों के संचालन के लिए स्वास्थ्य विभाग ने रोडवेज विभाग काे पत्र लिखकर 15 चालकों की मांग की है।
एक घंटे इंतजार के बाद भी नहीं आई थी एंबुलेंस
एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल के चलते मरीजों को भी परेशानी हो रही है। बुधवार को बस अड्डे पर मलिकपुर निवासी बुजुर्ग मलिक सरोज के बीमार होने पर उसे एक घंटे तक एंबुलेंस नहीं मिल पाई थी। बाद में एनएचएम कर्मचारी खुद मौके पर पहुंचकर महिला को सिविल अस्पताल लेकर आए थे। तब उसका इलाज हुआ था।
स्वास्थ्य विभाग की तरफ से 15 चालकों की मांग रोडवेज से की गई है। उनकी तरफ से मुख्यालय से अनुमति मांगी गई है। अब तक अनुमति नहीं मिली है। अनुमति मिलने के बाद ही चालक भेजे जा सकते हैं।
- रणबीर गोरिया, सीआई, हरियाणा रोडवेज झज्जर डिपो