A young man who went to bathe in a minor died due to drowning
- फोटो : Bahadurgarh
एनसीआर माइनर में बुधवार की शाम नहाने के लिए उतरे युवक की पानी में डूबने से मौत हो गई। युवक का शव वीरवार की दोपहर बाद गोताखोरों की मदद से बाहर निकाला गया। शव को पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए सरकारी अस्पताल में रखवा दिया है।
जानकारी के अनुसार मुंडाखेड़ा गांव निवासी अभिषेक (22) पुत्र कुलदीप अपने दोस्तों के साथ गांव के पास ही माइनर पर बैठा हुआ था। कुछ देर बाद अभिषेक ने कपड़े उतारकर माइनर में नहाने के लिए छलांग लगा दी। छलांग लगाने के बाद अभिषेक बाहर नहीं निकला। दोस्तों ने भी तलाश शुरू की और आसपास के लोगों से मदद मांगी, लेकिन अभिषेक की तलाश नहीं हो सकी। पुलिस को घटना से अवगत करवाया गया। सूचना मिलते ही बाढ़सा पुलिस चौकी से पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने कार्रवाई शुरू करते हुए तलाशी अभियान चलाया। वीरवार की सुबह पुलिस ने गोताखोरों की मदद ली और करीब चार घंटे की कड़ी मेहनत के बाद अभिषेक का शव माइनर में मिला। पुलिस ने शव को बाहर निकलवाने के बाद सरकारी अस्पताल में रखवा दिया। जहां शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा जाएगा। वहीं संभावना जताई गई है कि दोस्तों के साथ मिलकर अभिषेक ने पहले शराब का सेवन किया और बाद में नहाने की इच्छा जताते हुए माइनर में छलांग लगा दी। अभिषेक दिल्ली के नजफगढ़ में रहता था और बीती शाम दोस्तों के साथ गांव के पास से गुजर रही एनसीआर माइनर पर पहुंचा। कुछ देर बाद नहाने की इच्छा होने के बाद उसने माइनर में छलांग लगा दी। हालांकि दोस्तों ने उसे मना किया, लेकिन वह नहीं माना और कपड़े उतारकर माइनर में उतर गया। अभिषेक ने अपना मोबाइल फोन भी बाहर रखा। छलांग लगाने के बाद अभिषेक बाहर नहीं आया तो दोस्त भी घबरा गए और आसपास के लोगों के साथ पुलिस को भी घटना से अवगत करवाया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने फिलहाल मृतक के पिता कुलदीप के बयान दर्ज कर कार्रवाई शुरू की है।
नहीं आता था तैरना
अभिषेक के पिता कुलदीप के अनुसार अभिषेक तैरना नहीं जानता था और बहते पानी से भी डरता था। परिजनों ने बताया कि वह बहादुरगढ़ में जूता फैक्टरी में काम करता था लेकिन बुधवार को ही उसे फैक्टरी मालिक ने नौकरी से निकाल दिया था, जिसकी सूचना अभिषेक ने परिजनों को दोपहर को फोन पर दी थी।