मुनीमपुर गांव के सरपंच सुभाष को गोली मारने की वारदात को अंजाम बादली के मोटा गैंग ने अंजाम दिया है। पकड़ा गया आरोपी अमित उर्फ राहुल मोटा गैंग का सदस्य है। सरपंच को गोली मारने की वारदात में शामिल दो अन्य लोग अजीत उर्फ मोटा निवासी बादली और सागर उर्फ जैकब कराला दिल्ली निवासी हैं। अजीत उर्फ मोटा गैंग लीडर है, जिसके साथ अन्य दोनों बदमाश वारदात करने के लिए झज्जर आए थे। गोली से घायल सरपंच सुभाष का रोहतक के एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। सरपंच के बयान पर गांव के ही तीन लोगों के खिलाफ मामला तो दर्ज कर लिया गया है लेकिन कहानी में अभी काफी झोल नजर आ रहा है। वहीं घायल आरोपी का अस्पताल में इलाज चल रहा है, जिससे अभी पूछताछ सही तरीके से नहीं हो पाई है।
दिल्ली एरिया से लूटी थी वारदात में इस्तेमाल कार
सरपंच को गोली मारने के लिए आरोपी जिस आई-20 कार में आए थे, वो उन्होंने हथियार के बल पर दिल्ली एरिया से लूटी थी। कार लेकर तीनों आरोपी वारदात को अंजाम देने के लिए झज्जर आए थे। गैंग लीडर मोटा अगर पुलिस के हत्थे चढ़ता है तो काफी खुलासे होने की उम्मीद है। बादली में कुछ दिन पहले हुई फायरिंग में भी अजित उर्फ मोटा का नाम आ रहा है।
सरपंच की कहानी में हैं काफी पेंच
सरपंच ने अपनी शिकायत में गांव के ही तीन लोगों पर आरोप लगाया है कि उन्होंने आरटीआई उठवाने के लिए पैसे की मांग रखी थी। सरपंच के बयान में सवाल यह उठता है कि अगर गांव के तीनों आरोपियों को उससे पैसे लेकर समझौता करना होता तो वे बदमाशों का सहारा क्यों लेते? जिन लोगों पर सरपंच ने आरोप लगाए गए हैं, उनमें से दो के पारिवारिक सदस्यों ने उसके खिलाफ चुनाव लड़ा था और आरटीआई के माध्यम से वे लगातार सरपंच के कार्यों की जानकारी ले रहे थे। सरपंच को बर्खास्त करवाने के लिए भी ये कई बार अधिकारियों से मिल चुके हैं। ऐसे में इन्हें समझौता करना होता तो ये बदमाशों को क्यों भेजते?
आरोपी से अभी पूछताछ नहीं हो पाई है। बाकी के दो आरोपियों को पकड़ने के लिए प्रयास चल रहे हैं। सरपंच को सुरक्षा प्रदान करवा दी गई है। मामले की सच्चाई आरोपी से पूछताछ व दूसरे बदमाशों को पकड़ने के बाद ही सामने आएगी। वारदात में अजीत उर्फ मोटा गैंग का हाथ है।
- रोशनलाल, थाना प्रभारी, सिटी झज्जर।