अमर उजाला ब्यूरो
झज्जर। एनएचएम के 399 कर्मचारियों को बर्खास्त करने के बाद शुक्रवार को एनएचएम की मिशन निदेशक अवनीत पी कुमार ने वीसी के दौरान स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को ठेके के आधार पर 20 ईएमटी (आपातकालीन स्वास्थ्य सहायक) भर्ती करने के निर्देश दिए है। जबकि शुक्रवार को हड़ताली कर्मचारियों की संख्या बढ़कर 403 हो गई। अब विभाग की ओर से हड़ताल में शामिल हुए पांचों कर्मचारियों को शनिवार को 24 घंटे में काम पर लौटने का नोटिस जारी किया जाएगा और उसके बाद भी ये कर्मचारी काम पर नहीं लौटे तो उन्हें भी 24 घंटे की अवधि पूरी होने पर बर्खास्त कर दिया जाएगा। मिशन निदेशक ने स्वास्थ्य विभाग अधिकारियों से वीसी के दौरान जिला की स्थिति का जायजा लिया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिये। वहीं एंबुलेंस सेवाओं के लिए ईएमटी भी ठेके के आधार पर भर्ती कर व्यवस्था को पूरी तरह दुरुस्त बनाने के आदेश मौखिक रूप से दिये हैं। विभाग ने भी मिशन निदेशक के निर्देश पर ईएमटी भर्ती करने के लिए तैयारी शुरू कर दी है। इससे पहले विभाग ने एंबुलेंस को चलाने के लिए 18 चालक भर्ती किए हुए हैं।
मुख्यमंत्री आवास का घेराव 25 को
एनएचएम के बर्खास्त कर्मचारियों ने शहर में अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया और लघु सचिवालय में पहुंच कर तहसीलदार को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कहा गया है कि अगर 25 फरवरी तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया गया तो वे 25 फरवरी को मुख्यमंत्री आवास का घेराव करेंगे। वहीं दूसरी ओर बर्खास्त कर्मचारियों ने 72 घंटे के लिए भूख हड़ताल को बढ़ा दिया है। पहले भूख हड़ताल पर बैठे कर्मचारियों को जूस पिलाकर भूख हड़ताल खत्म करवाई और उसके बाद अन्य कर्मचारी भूख हड़ताल पर बैठ गए।
सरकार ने अगर एनएचएम कर्मचारियों की मांगों को 24 फरवरी की शाम तक पूरा नहीं किया तो 25 फरवरी को मुख्यमंत्री के आवास का घेराव किया जाएगा। सरकार की तरफ से कोई भी कार्रवाई की जाए लेकिन वे पीछे नहीं हटेंगे।
- मंजू रेखा, जिला प्रधान, एनएचएम संघ, झज्जर।
399 कर्मचारियों को टर्मिनेट किया जा चुका है। पांच नए कर्मचारी हड़ताल में शामिल हुए उन्हें भी शनिवार को नोटिस दिया जाएगा। अगर वे काम पर नहीं लौटे तो उन्हें भी बर्खास्त किया जाएगा।
डॉ. कुलदीप सिंह, प्रभारी एनएचएम, झज्जर।