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दादरी आण तै पहल्या धनखड़ न जमीन बेच दी थी, इब तो वो किसान कौनी रहया : सांगवान

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अमर उजाला ब्यूरो
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चरखी दादरी।
सरसों खरीद न होने से खफा किसानों ने चरखी दादरी अनाज मंडी के गेट के बाद मंगलवार को मार्केटिंग बोर्ड कार्यालय पर भी ताला जड़ दिया। किसानों को समर्थन देने पहुंचे पूर्व कैबिनेट मंत्री सतपाल सांगवान ने कृषिमंत्री ओमप्रकाश धनखड़ पर चुटकी ली। उन्होंने कहा कि किसान मंडी में परेशान है और धनखड़ खुद को किसान का बेटा बताते है। सांगवान ने कहा कि धनखड़ ने तो दादरी आण तै पहल्या अपनी सारी जमीन बेच दी थी, तो इव वो किसान क्यूकर है। धनखड़ अब किसान कौनी रहया। इसलिए वो किसानों का दर्द नहीं समझ रहे।
सांगवान ने कहा कि भाजपा सरकार को तो किसानों के नाम से नफरत हो गई है। मंडी में किसानों के रुकने की कोई व्यवस्था नहीं है। गत कांग्रेस राज में किसानों के ठहरने के लिए जो रेस्ट हाउस बनवाया गया था उस पर मार्केटिंग बोर्ड के अधिकारियों ने कब्जा कर लिया है। कमेटी के कामकाज के साथ-साथ कमरों को केवल अधिकारियों के ठहराव के लिए खोला जा रहा है। गत चार मई से किसान मंडी में परेशान है। किसानों को दिन धूप में और रात मच्छरों के बीच कट रही है, लेकिन कृषिमंत्री और प्रदेश सरकार को इससे कोई सरोकार नहीं है।
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उन्होंने कहा कि ओमप्रकाश धनखड़ खुद को दादरी निवासी बताते हैं लेकिन हकीकत में उन्हें न जिले के किसानों की चिंता है और न ही प्रदेश की। सांगवान ने कहा कि मौजूदा भाजपा सरकार अपनी जनविरोधी नीतियों के चलते पतन की ओर अग्रसर है।
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