चरखी दादरी स्टेशन पर होगा सुविधाओं का विस्तार
चरखी दादरी।
शहर के रेलवे स्टेशन पर चार कैंटीन व रिफ्रेशमेंट रूम की रेलवे हैड ऑफिस ने मंजूरी दे दी है। अब जल्द ही इसके लिए टेंडर लगाए जाएंगे और नया प्लेटफार्म बनने पर ये कैंटीन शुरू हो जाएंगी। रेलवे स्टेशन पर यात्रियों को अब हर प्रकार की मूलभूत सुविधाएं मिल सकेंगी। स्टेशन के सौंदर्यीकरण के लिए पहले ही 35 लाख का बजट मंजूर हो चुका है। कुछ समय बाद यात्रियों को ये सुविधा मिलनी शुरू हो जाएगी। दादरी स्टेशन से रोजाना आठ से 10 हजार यात्री सफर करते हैं।
चरखी दादरी स्टेशन अंग्रेजी शासन के समय बना था। तब से लेकर यहां सुविधाओं की सदैव कमी रही है। 2016 में जिला बन जाने के बाद अब रेलवे विभाग भी हर सुविधाओं का विस्तार करने में जुट गया है। जलपान गृह , वेटिंग रूम, टिकट आरक्षण बुकिंग के अलावा अतिरिक्त टिकटघर की भी व्यवस्था कर दी गई है। इससे अब खिड़की पर लंबी लाइन नहीं लगती। कुछ दिन पहले यहां एलईडी भी लगा दी गई है। यात्री किसी भी गाड़ी की लोकेशन व स्थिति का पता आसानी से लगा सकते हैं। बड़ी एलईडी लगा दिए जाने से यात्रियों को बार-बार स्टेशन मास्टर कक्ष मेें ट्रेन आगमन का समय पूछना नहीं पड़ता इससे रेल कर्मचारियों की भी परेशानी कम हुई है। स्टेशन पर कैंटीन की सुविधा पर पिछले काफी दिनों से ध्यान नहीं दिया जा रहा था। अब जिला बन जाने पर स्टेशन पर यात्रियों की संख्या भी बढने लगी है। लंबे रूट की ट्रेनें भी यहां गुजरती हैं जिनमें मथुरा, जयपुर, बठिंडा, कटड़ा, अलवर , हिसार व रेवाड़ी को जाने वाले ट्रेनें शामिल हैं।
चार कैंटीन व फूड प्लाजा के लिए जल्द होंगे टेंडर
स्टेशन पर चार नई कैंटीन व रिफ्रेशमेंट रूम की सुविधा मिलेगी। इनमें सभी प्रकार के खान-पान की सुविधा यात्रियों को मिल सकेगी। चाय, फिल्टर वाटर से लेकर सभी जरूरत की चीजें कैंटीन व रिफ्रेशमेंट रूम में उपलब्ध होंगी।
डबल लाइन बिछाने से होगा रेल सेवाओं में विस्तार
इस समय रेलवे स्टेशन से रोजाना करीब आठ से 10 हजार यात्री सफर करते हैं। इस समय रेवाड़ी से हिसार तक इस रेलमार्ग को दोहरा रूप दिए जाने पर भी काम चल रहा है। चरखी दादरी से कुछ दूर पहले तक डबल लाइन बिछाई जा चुकी है ऐसे में इस रेलमार्ग पर सवारी गाड़ियों की संख्या में बढ़ोतरी होना स्वाभाविक है।
वर्सन-
चार कैंटीन व रिफ्रैशमेंट रूम की मंजूरी मिल गई है। स्टेशन का नया प्लेटफार्म बनने के बाद यह कैंटीन शुरू कर दी जाएंगी।
रेलवे कॉमर्शियल इंस्पेक्टर गजेंद्र सिंह