झज्जर। पिछले तीन दिन से गर्मी झेल रहे शहर के लोगों को मंगलवार दोपहर को हुई बारिश से राहत मिली। साथ ही 20 मिनट की तेज बारिश से शहर में जलभराव हो गया, इससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। बारिश के चलते शहर से मुख्य मार्गों और गलियों में पानी जमा हो गया। तेज बारिश से तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई। लगभग 20 मिनट तक शहर के बस अड्डा, छिकारा चौक, आंबेडकर चाक, पुराना बस अड्डा, बर्फखाना रोड, पुराना तहसील रोड, भगत सिंह चौक, यादव धर्मशाला एरिया में तेज बरसात हुई, लेकिन लघु सचिवालय, गुरुग्राम रोड, रेवाड़ी रोड पर सूखा रहा। बरसात के चलते बर्फखाना रोड, बीकानेर चौक, शिव चौक रोड, छिक्कारा चौक, आर्य नगर की गलियों में पानी जमा हो गया। झज्जर शहर में 20 मिनट में 8 एमएम बरसात दर्ज की गई। इसके अलावा मातनहेल में दो एमएम, बहादुरगढ़ में 34 एमएम, बादली में दो और साल्हावास में 12 एमएम बरसात दर्ज की गई। मंगलवार को अधिकतम तापमान 33 और न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
मानसून की तारतम्यता और सक्रिय ज्यादा नहीं
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्र मोहन ने बताया कि हरियाणा, एनसीआर, दिल्ली में मानसून की तारतम्यता और सक्रियता देखने को नहीं मिल रही है। मानसून की सक्रियता विशेषकर बंगाल की खाड़ी में बनने वाले लो प्रेशर और साथ ही मानसून टर्फ पर आधारित होती है, जो लगातार अपनी सामान्य स्थिति से दक्षिण में स्थित है। जो राजस्थान के दक्षिणी हिस्सों में बनी हुई है। आज मानसून ट्रफ लाइन जैसलमेर-चित्तौड़गढ़ से होकर मध्य मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ से होकर बंगाल की खाड़ी से गुजर रही है। साथ ही साथ एक चक्रवातीय सर्कुलेशन पूर्वी राजस्थान पर बना हुआ है। इससे इन इलाकों में जबरदस्त मानसून गतिविधियां देखने को मिल रही है। आने वाले तीन चार दिनों तक मानसून कमजोर बना रहेगा और केवल सीमित स्थानों पर केवल छिटपुट बूंदा-बांदी ही देखने को मिलेगी।