सरकार से ग्रांट मिलने के बाद नप ने जमा कराया 3.63 करोड़ रुपये बिजली बिल
चरखी दादरी। प्रदेश की सभी नगर परिषद, नगर निगम व नगर पालिका बिजली निगम की डिफाल्टर सूची से अपना नाम हटवाएंगी। इन पर स्ट्रीट लाइटों की एवज में करीब 300 करोड़ से अधिक का बिल बकाया है। प्रदेश सरकार ने शहरी सरकार को बिल अदायगी के लिए 297 करोड़ रुपये की ग्रांट भी जारी कर दी है। चरखी दादरी नगर परिषद ने सरकार द्वारा जारी की गई ग्रांट से एकमुश्त 3.63 करोड़ की बकाया राशि जमा करा दी है। खास बात यह है कि नगर परिषद ने पहली बार स्ट्रीट लाइटों का बिजली निगम का बिल जमा कराया है। गत फरवरी माह में ही सरकार ने सभी 80 नगर निगम, नगर परिषद व नगर पालिकाओं का ब्योरा मांगा था। नप सूत्रों की मानें तो प्रदेश में ऐसी कई कमेटियां और हैं जिन्होंने बिजली बिल की अदायगी एक बार भी नहीं की है, लेकिन सरकार के ग्रांट जारी करने से वो पूरे बकाया बिल का भुगतान करेंगी।
उल्लेखनीय है कि गत फरवरी माह में प्रदेश सरकार ने बिजली निगम से सभी डिफाल्टर सरकारी विभागों की बकाया राशि पर संबंधित विभागाध्यक्षों के हस्ताक्षर युक्त रिपोर्ट मांगी थी। इनमें नगर निगम, नगर परिषद व नगर पालिकाएं भी शामिल थीं। अमर उजाला ने 26 फरवरी के संस्करण में इस पर खबर प्रकाशित की थी। इस संबंध में बुधवार को नगर परिषद चेयरमैन कार्यालय में बिजली निगम अधिकारियों के साथ बैठक हुई। इसके बाद नगर परिषद ने अब तक का बकाया बिल करीब 3.63 करोड़ रुपये जमा करा दिया। नप सचिव संजय यादव ने बताया कि बिल की अदायगी सरकार से ग्रांट मिलने के बाद की गई है। उन्होंने बताया कि चरखी दादरी प्रदेश में पहले ऐसी कमेटी है जिसने बिल की अदायगी की है।
प्रॉपर्टी टैक्स की रिकवरी की उम्मीद भी बढ़ी
नगर परिषद सचिव संजय यादव ने बताया कि बिजली निगम का स्थानीय शहरी निकायों पर बिजली बिल का पेच अब सुलझ गया है। बिजली निगम की तरह ही स्थानीय शहरी निकायों का बिजली निगम पर प्रॉपर्टी टैक्स बकाया है। चरखी दादरी नगर परिषद ने भी बिल अदायगी करते समय जल्द से जल्द करीब सवा दो करोड़ का बकाया प्रॉपर्टी टैक्स भरने की भी अपील की है। इस संबंध में भी नोटिस जारी किए जा चुके हैं। अब प्रॉपर्टी टैक्स रिकवरी की उम्मीद बढ़ गई है।
सरकार ने हमारे पास बिजली बिल भरने के ग्रांट भेजी थी। हमने नगर परिषद को 3.63 करोड़ रुपये की बकाया राशि जमा करा दी है। हमने निगम एसडीओ से बकाया प्रॉपर्टी टैक्स भरने की अपील भी की है। सरकार ने सभी स्थानीय शहरी निकायों को 297 करोड़ की ग्रांट हाल ही में जारी की है।
- संजय यादव, सचिव नगर परिषद
नगर परिषद ने बिल की अदायगी कर दी है। मंगलवार को नगर परिषद चेयरमैन कार्यालय में हमारी बैठक हुई थी और मैंने भी जल्द ही बिजली निगम का बकाया प्रॉपर्टी टैक्स जमा कराने का आश्वासन दिया है।
- विक्रम परमार, एसडीओ, बिजली निगम