अमर उजाला ब्यूरो
बहादुरगढ़। भाजपा द्वारा किसानों के साथ किए गए अन्याय का भारतीय किसान यूनियन के नेताओं ने गन्नौर में प्रस्तावित कृषि मेले का बहिष्कार किया। किसानों ने बामनोली के चौक पर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
भारतीय किसान यूनियन के जिला अध्यक्ष चौ. प्रताप सिंह छिल्लर, प्रदीप धनखड़ और सहयोगी संगठन के किसान प्रतिनिधियों ने कहा कि भाजपा सरकार किसानों के साथ धोखा कर रही है। इसके विरोध में उन्होंने गन्नौर में प्रस्तावित कृषि मेले का काले झंडे दिखाकर बहिष्कार किया है। उन्होंने सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की। उन्होंने कहा कि जहां तेलंगाना की तर्ज पर 50 हजार रुपये किसान सम्मान निधि मिलने तय थे। सरकार ने इसमें कटौती कर 45 लाख संभावित वास्तविक लाभान्वित काश्तकार और खेतिहर मजदूर किसानों को बुरे हालत में छोड़कर भाजपा ने मात्र 3 लाख खाताधारकों तक 2000 रुपये की मदद पहुंचाने की योजना पर काम किया है। ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों के लिए दिल्ली प्रदेश की तर्ज पर कोई घोषणा नहीं की गई। दिल्ली में गेहूं का एमएसपी 2637 रुपये की तुलना में हरियाणा में मात्र 1900 रुपये तय किया गया है और उसमें भी खरीद को कम करने के लिए रजिस्ट्रेशन और तकनीकी बाधाएं लगाई जा रही हैं। झज्जर जिले के किसान इस कार्यक्रम से उचित दूरी बना कर रखेंगे। जहां सम्मान नहीं उस सरकार के कार्यक्रमों में किसान शामिल नहीं होंगे। इस मौके पर सुखबीर सिंह, रिसाल सिंह, समय सिंह, मांगेराम छिल्लर, नरेंद्र सिंह, सूबे सिंह, शमशेर सिंह, अशोक आदि मौजूद थे।