अमर उजाला ब्यूरो
बेरी। लकड़ियां गांव के पास खेतों से गुजर रही छारा माईनर पेड़ की जड़ के साथ से पानी का रिसाव होने के कारण टूट गई है। जिससे लगकड़ियां गांव के दर्जनों किसानों की करीब 100 एकड़ गेहूं की फसल जलमग्न हो गई है। पानी के बहाव के कारण नहर में करीब 25 फुट तक कटाव बना हुआ है। किसानों को सुबह उस समय नहर टूटने की जानकारी मिली जब वे खेतों में घूमने के लिए गए और खेत पूरी तरह से जलमग्न मिले। किसानों ने इसकी सूचना सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दी। सूचना मिलते ही नहर में पानी की सप्लाई बंद करवा दी गई। सिंचाई विभाग की तरफ से रविवार की शाम को ही नहर में पानी छोड़ा गया था। जिस समय नहर टूटी उस समय इसमें करीब 100 क्यूसिक पानी चल रहा था। सिंचाई विभाग रोहतक के अधिकारी अपनी टीम व मशीन के साथ मौके पर पहुंचे और टूटी हुई नहर को ठीक कराने का कार्य शुरू किया गया। अधिकारियों का कहना है कि रात को ही टूटी हुई नहर को ठीक कर उसमें सुबह तक पानी चला दिया जाएगा।
क्या कहते हैं किसान
किसान सीलक राम ने बताया कि माईनर में कई दिनों से पानी नहीं था और रविवार को देर शाम को पानी आया। सोमवार को जब सुबह देखा तो खेतों में पानी भरा हुआ था। माईनर टूटने से किसानों की कई एकड़ फसल डूब गई। देर शाम तक विभाग के अधिकारी माईनर को ठीक करने में लगे हुए थे, जिससे फिर से किसानों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
नहर में रिसाव होने से कई बार टूट चुकी है माईनर
सोमवार को सुबह गांव लकड़ियां के पास से गुजर रही छारा माईनर के टूटने से गांव के किसान सीलक राम के अलावा गांव गोच्छी के किसान ढिल्लु, लीलू, सुरेश, जयकरण, अशोक की फसल भी डूब गई। किसानों ने बताया कि छारा माईनर काफी पुरानी है। इसके बैंक भी कमजोर हो चुके हैं। जिसके कारण नहर में रिसाव होने की वजह से यह कई बार टूट चुकी है। पिछले साल भी धौड़ गांव के पास यह माईनर टूट गई थी। उस समय धौड़ व दुजाना गांव के किसानों की गेहूं की पकी हुई और कटी फसल भी पानी में डूब गई थी।
नहर के बैंक कमजोर हो चुके हैं। पेड़ की जड़ के साथ से पानी का रिसाव होने के कारण नहर में कटाव बन गया। शेरिया-गोच्छी व धांधलान लिंक ड्रेन के माध्यम से किसानों के खेतों से पानी निकाला जा रहा है। नहर को रात को ठीक कर उसमें पानी चला दिया जाएगा।
- राहुल गिल, एसडीओ, सिंचाई विभाग रोहतक।