सुचारु मिलेगी बिजली, कटों में आएगी कमी
अमर उजाला ब्यूरो
चरखी दादरी।
शहर की बिजली आपूर्ति व्यवस्था में सुधार लाने के लिए बिजली निगम ने दो नए शहरी फीडर चालू कर दिए हैं। इन्हें महेंद्रगढ़ बाईपास और 33 केवी घसौला फीडर का नाम दिया गया है। इनसे शहर की 30 से 35 कालोनियों को फायदा मिलना भी शुरू हो गया है। बिजली निगम दो और फीडरों को शुरू करने की तैयारी में है। एक पर 90 फीसदी काम हो चुका है तो दूसरे पर महज ट्रांसफार्मर रखना बाकी है। निगम के अधिकारियों का कहना है कि अगले चार-पांच दिन में तीसरा फीडर भी शहर में शुरू कर दिया जाएगा। वहीं, चौथा फीडर शुरू करने में 15 से 20 दिन का समय लगेगा। इसके बाद चरखी पावर स्टेशन और शहर के रेलवे रोड स्थित मुख्य सब स्टेशन का लोड कम हो जाएगा और इनसे एकसाथ सभी फीडरों में बिजली सप्लाई की जा सकेगी। निगम के अधिकारियों का दावा है कि अब शहर में ओवरलोड के चलते न तो फाल्ट आएंगे और न ही लाइन ट्रिप करेगी। चारों फीडरों के शुरू होते ही शहर के 50 फीसदी क्षेत्र को बिजली संकट से निजात मिलेगी। पूरे प्रोजेक्ट पर करीब 12 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे।
चरखी और दादरी मुख्य बिजली सब स्टेशन लंबे समय से ओवरलोड चल रहे थे। बिजली फीडरों पर लोड अधिक होने के कारण एक समय में सभी फीडर चालू नहीं किए जा रहे थे। ओवरलोड के समय हर समय किसी न किसी फीडर की बिजली सप्लाई निगम अधिकारियों को काटनी पड़ रही थी। इस समस्या को दूर करने के लिए कुछ समय पहले निगम ने शहर में चार नए फीडर शुरू करने की प्लानिंग तैयार की थी। इस पर काम कर निगम अधिकारियों ने हाल ही में महेंद्रगढ़ बाईपास फीडर और 33 केवी घसौला फीडर से शहर में बिजली सप्लाई शुरू कर दी है। निगम अधिकारियों ने मकड़ाना 132 केवी सब स्टेशन से 33केवी की लाइन डाली और इससे शहर की करीब 15 कालोनियों को जोड़ा। हाल ही में निगम ने इस फीडर को शुरू कर दिया और इससे पुराना शहर, हीरा चौक क्षेत्र, बधवाना गेट सहित अन्य कालोनियों को फायदा मिलना शुरू हो गया है।
यहां हो रही थी ज्यादा दिक्कत
इससे पहले पुराना शहर क्षेत्र और हीरा चौक में सबसे अधिक फाल्ट आते थे। यहां बनाए शिकायत केंद्र पर प्रतिदिन 40 से 45 फाल्ट संबंधी शिकायतें पहुंच रही थीं। इन शिकायतों के निवारण के लिए बार-बार इस क्षेत्र में बिजली कट लगाने पड़ते थे। इस फीडर पर करीब सवा तीन लाख रुपये लागत आई है। इसके अलावा वार्ड महेंद्रगढ़ बाईपास नामक नया फीडर भी शुरू कर दिया गया है। इस पर करीब साढ़े तीन लाख रुपये की लागत आई है। इससे वार्ड चार, महेंद्रगढ़ चुंगी, स्टेडियम रोड, कॉलेज रोड, प्रोफेसर कॉलोनी, दयानंद कॉलोनी सहित करीब 20 छोटी-बड़ी कॉलोनियों को फायदा मिलेगा। यह फीडर भी ओवरलोड रहता था और बिजली कटों के चलते लोग जाम तक लगा देते थे।
प्रेम नगर फीडर की क्षमता 10 की बजाय होगी 20 केवी
निगम अधिकारी जल्द ही प्रेम नगर फीडर को शुरू करने की तैयारी में हैं। इसके लिए लाइन तक बिछाई जा चुकी है। पहले इस फीडर पर 10 केवी ट्रांसफार्मर से जोड़ने की प्लानिंग थी लेकिन अब यहां 10 केवी के दो ट्रांसफार्मर लगाने की तैयारी है। निगम अधिकारियों का कहना है कि एक ट्रांसफार्मर तो यहां पहले ही रखवाया जा चुका है जबकि दूसरे को अगले तीन-चार रोज में ही रखवा देंगे। निगम एसडीओ ने बताया कि इस फीडर से भी करीब 15 कालोनियों जुड़ी हुई हैं। उनको 10 फरवरी तक बिजली किल्लत से निजात दिला दिया जाएगा।
एक साथ दौड़ेगी दो मुख्य सब स्टेशनों के सभी फीडरों में करंट
निगम सूत्रों की मानें तो पिछले कुछ माह से चरखी पावर स्टेशन व रेलवे रोड मुख्य सब स्टेशन के सभी फीडरों में एकसाथ बिजली सप्लाई नहीं हो पाई। यहां रखे हब ट्रांसफार्मर में इस समय ओवरलोड चल रहे हैं और इसके चलते निगम अधिकारियों को फीडरों की बिजली सप्लाई काटनी पड़ रही है। ओवरलोड के चलते एकसाथ दो से तीन फीडरों की बिजली सप्लाई काटी जाती है। इसके चलते सैकड़ों उपभोक्ताओं को परेशानी उठानी पड़ती हैं। चारों फीडर शुरू होने से सभी फीडरों में अब एकसाथ करंट दौड़ सकेगा।
इन कालोनियों को मिलेगी फाल्टों से निजात
कुछ समय पहले तक शहर के 30 फीसदी क्षेत्र में बिजली संकट गहराया हुआ था। निगम अधिकारियों का कहना है कि नई प्लानिंग पर काम पूरा होने के बाद इन क्षेत्रों में बिजली संकट नहीं रहेगा। निगम एसडीओ ने बताया कि बधवाना गेट, कबीर नगर, रविदास बस्ती, दयानंद कालोनी, स्टेडियम रोड, गामड़ी क्षेत्र, हीरा चौक, सुभाष चौक, प्रेम नगर, गांधी नगर, रेलवे रोड सहित कई अन्य कालोनियों को नए फीडर शुरू करने का लाभ मिलेगा। निगम अधिकारियों की नए फीडर शुरू करने के बाद आगामी प्लानिंग की बात करें तो शहरी फीडरों से जल्द ही गांवों का लोड हटाया जाएगा। इस समय शहर से सटे गांवों को शहरी फीडरों के जरिए जोड़कर बिजली सप्लाई दी जा रही है। जल्द ही निगम अधिकारी समसपुर गांव के लिए भी शहर की बजाय किसी अन्य फीडर से बिजली देना शुरू कर देंगे। निगम अधिकारियों का कहना है कि इससे शहर को पर्याप्त बिजली भी मिलेगी और करीब 50 फीसदी शहर ओवरलोड की समस्या से भी मुक्त हो जाएगा।
वर्जन::
दो नए फीडर हमने शुरू कर दिए हैं जबकि दो और फीडर 10 से 15 दिन के अंदर हम शुरू कर देंगे। गांवों का लोड भी इसके बाद शहरी फीडरों से हटा दिया जाएगा। इस प्रोजेक्ट पर 12 से 13 लाख रुपये खर्चा आएगा और करीब 30 से 35 कालोनियों को इनका लाभ मिलेगा। - विक्रम परमार, एसडीओ, बिजली निगम