फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

श्राद्ध पक्ष में पड़ी मंदी का मार, अब नवरात्रों में राहत के आसार

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

झज्जर।
नोट बंदी से शुरू हुई मार्केट की मंदी की मार और फिर सरकार के जीएसटी का वार झेलकर व्यापारी अभी कुछ सहज ही नहीं हो पाए थे कि श्राद्धों के चलते मार्केट में पिछले 14 दिन से मंदा ही चल रहा है। लेकिन अब नवरात्रों से फेस्टिवल सीजन शुरू होने के चलते व्यापारी मार्केट में फिर रौनक लौटने की आस लगाए बैठे हैं। नवरात्र को लेकर उम्मीद बांधे व्यापारी अभी परचेजिंग टूर पर चल रही हैं। जिनके अनुसार त्योहारी सीजन में उनका टारगेट ग्राहक की हर पसंद को पूरा करना है। 20 सितंबर को श्राद्ध खत्म होने के बाद 21 सितंबर से नवरात्र शुरू हो रहे हैं।
ऐसे में पितृ पक्ष के चलते मार्केट में इक्का-दुक्का ग्राहक ही नजर आ रहा है। ऐसे में व्यापारियों को मार्केट में रौनक लौटने की आस नवरात्र से शुरू हो रहे फेस्टिवल सीजन से ही बंधी हुई है। ऐसे में व्यापारी इस फेस्टिवल सीजन को कैश करने के लिए पूरी तरह से तैयारी करने में जुटे हुए हैं। कुछ बिजनेस टूर पर ग्राहकों के पसंद का माल लाने के लिए बाहर गए हुए हैं तो कुछ ऐसा करके लौट चुके हैं। व्यापारियों का माल ट्रांसपोर्ट से पहुंचना शुरू भी हो गया है।
विज्ञापन

दुपहिया वाहन की बिक्री कल से पकड़ेगी रफ्तार
रूटीन में 100 दुपहिया वाहन बेचने वाले दुपहिया वाहन शोरूम पर श्राद्ध पक्ष के चलते इस समय बिक्री 1 से 2 वाहन तक पहुंच गई है। श्रीश्याम होंडा ऑटो मोबाइल के मालिक बंसत ने बताया कि श्राद्ध पक्ष के चलते वाहनों की बिक्री का ग्राफ गिर गया है। लेकिन नवरात्र में इसकी भरपाई हो जाएगी। उन्होंने बताया कि जीएसटी के चलते होंडा के दुपहिया वाहनों की कीमतों में 500 से एक हजार रुपये के बीच गिरावट आई है। फेस्टिवल सीजन में इस बार दुपहिया वाहन मार्केट में धूम देखने को मिलेगी। कंपनी व ग्राहक दोनों के लिए इस बार का फेस्टिवल सीजन बड़ा ही शानदार रहने की उम्मीद है।

साड़ी-सूूट मार्केट में करवा चौथ से लौटेगी रौनक
व्यापारियों द्वारा झज्जर की साड़ी और सूट मार्केट में करवा चौथ से रौनक लौटने की उम्मीद लगाई जा रही हैं। गुरु कृपा क्लॉथ स्टोर के मालिक गोविंद प्रकाश ने बताया कि इस समय काम न के बराबर है। वे इस दौरान परचेजिंग टूर निपटाकर आए हैं। वर्तमान मार्केट के अनुकूल उनका माल भी पहुंच चुका है। ऐसे में करवा चौथ से लेकर होली तक अब उनके पास बाहर जाने का टाइम नहीं है। उन्हें लग रहा है कि नोटबंदी और जीएसटी के चलते जो नुकसान मार्केट ने उठाया है, वो इस फेस्टिवल सीजन में काफी हद तक पूरा हो जाएगी।
विज्ञापन


ज्वेलर्स मार्केट में नवरात्र से शुरू होंगे आर्डर
ज्वेलर्स मार्केट में वैसे तो नवरात्र से ही बहार आनी शुरू हो जाएगी लेकिन मुख्य कारोबार देवउठनी ग्यास से शुरू होने वाले शादी-विवाह के सीजन पर टिका हुआ है। स्वर्णकार संघ के जिला प्रधान व लांबा ज्वेलर्स के मालिक जयपाल लांबा के अनुसार नवरात्रों से लोगों के आर्डर शुरू हो जाएंगे। शादी-विवाह का सीजन ही ज्वेलर्स मार्केट को संकट के दौर से निकालने का कार्य करेगा। क्योंकि पहले टैक्स के विरोध में 42 दिन की हड़ताल, फिर नोटबंदी व उसके बाद जीएसटी के चक्कर ने ज्वेलर्स के काम-धंधे को पूरी तरह से प्रभावित किया है। लेकिन अब उन्हें पूरी उम्मीद है कि नवरात्र से शुरू हो रहे त्योहार और शादियों के सीजन में उन्हें नुकसान की भरपाई हो जाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें