बहादुरगढ़। आपदा की स्थिति में संयम बनाए रखते हुए बचाव किया जा सकता है। किसी भी प्रकार की आपदा से निपटने के लिए प्रशासन के साथ ही आमजन को भी जागरूक होकर सजगता का परिचय देना चाहिए। भूकंप जैसी आपदा के दौरान राहत एवं बचाव की तैयारियों को लेकर बहादुरगढ़ रेस्ट हाउस सभागार में वीरवार को एसडीएम बेरी डॉ. राहुल नरवाल व एसडीएम बहादुरगढ़ तरुण पावरिया ने संबंधित अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में एसडीएम ने संयुक्त रूप से बताया कि राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से राष्ट्रीय राजधानी सीमा (एनसीटी) और उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती जिलों के साथ-साथ हरियाणा के चार जिलों झज्जर, गुरुग्राम, सोनीपत और फरीदाबाद में एक साथ 28 जून को अंतरराज्यीय मेगा मॉक ड्रिल की जाएगी। बहादुरगढ़ क्षेत्र में एचएसआईआईडीसी परिसर में स्थित फुटवियर पार्क व दिल्ली सीमा के साथ लगते पंडित श्रीराम शर्मा मेट्रो स्टेशन पर मेगा मॉक ड्रिल की जाएगी। उन्होंने मेगा मॉक ड्रिल की तैयारियों की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की ओर से तय की गई गाइडलाइन के अनुसार मेगा मॉक ड्रिल की सभी तैयारियां करने, आपदा प्रबंधन एवं राहत से जुड़ी विभिन्न एजेंसियों से आपसी समन्वय बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि मेगा मॉक ड्रिल के लिए जिला आपदा प्रबंधन प्लान-2019 (डीडीएमपी) तैयार की गई है। मॉक ड्रिल में राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अनुसार तय किए समय अनुसार भूकंप आपदा प्रबंधन की तैयारियों को मेगा मॉक ड्रिल कर जांचा परखा जाएगा।
एसडीएम ने अधिकारियों को बताया कि मेगा मॉक ड्रिल की शुरुआत सेक्टर 6 में बने स्टेजिंग एरिया से हूटर बजने के साथ होगी। हूटर बजते ही सभी अधिकारी व विभाग डीडीएमपी-2019 में निर्धारित की गई जिम्मेदारी अनुसार इमरजेंसी मोड में कार्य करेंगे। मेगा मॉक ड्रिल की निगरानी, आपदा एवं राहत कार्य में लगी एजेंसियों को इमरजेंसी कंट्रोल रूम से निर्देशित किया जाएगा ताकि इमरजेंसी के दौरान आकस्मिक आपदा का सही आंकलन करते हुए समय पर राहत आदि पहुंचाई जा सके। उन्होंने बताया कि शहर में चयनित दोनों स्थानों पर आकस्मिक आपदा के समय आपदा प्रबंधन की तैयारियों को जांचा व परखा जाएगा। मेगा मॉक ड्रिल में सुरक्षा पर विशेष फोकस रहेगा। साथ ही मॉक ड्रिल के दौरान आमजन को किसी बात की परेशानी न हो यह भी ध्यान रखा जाएगा।
एसडीएम डॉ. राहुल व एसडीएम पावरिया ने आमजन को जागरूक करते हुए बताया कि इमरजेंसी का हूटर बजते ही मेगा मॉक ड्रिल शुरू होगी, इससे किसी को भी डरने व घबराने की जरूरत नहीं है, यह केवल ड्रिल है। उन्होंने कहा कि ड्रिल आमजन को आपदा के समय बचने के उपायों के बारे में जागरूक करने व प्रशासनिक स्तर पर तैयारियों को परखने के लिए की जा रही है।