फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कर्मचारियों ने जेल आंदोलन के तहत दी गिरफ्तारियां

विज्ञापन
विज्ञापन
कर्मचारियों ने जेल आंदोलन के तहत दी गिरफ्तारियां
विज्ञापन

चरखी दादरी।
विभिन्न सरकारी विभागों के कर्मचारियों ने मांगों के लिए जेल भरो आंदोलन के तहत गिरफ्तारियां दी। इस दौरान कर्मचारियों ने प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रोष जताया। इस दौरान पुलिस प्रशासन ने लघु सचिवालय की तरफ जा रहे कर्मचारियों को बस स्टैंड सामने रोककर गिरफ्तार कर लिया। बाद में गिरफ्तार किए सभी कर्मचारियों को रिहा कर दिया। जेल भरो आंदोलन से निपटने के लिए भारी पुलिस बल तैनात रहा।
हरियाणा कर्मचारी महासंघ के नेतृत्व में मंगलवार सुबह कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर जेल भरो आंदोलन में शामिल होने रोजगार्डन पहुंचे। जिले के सभी क्षेत्रों से कर्मचारी एकत्र होकर सरकार विरोधी नारेबाजी करते हुए रोष प्रदर्शन स्थल पर पहुंचे। इस दौरान कर्मचारी नेताओं ने भाषणबाजी की। इस मौके पर कर्मचारी नेता राजकुमार सांगवान ने कहा कि सरकार कर्मचारियों के साथ अन्याय करने पर तुली हुई है। कर्मचारियों व सरकार के साथ कई बार वार्ता हो चुकी है लेकिन सरकार अपने किए गए वादों एवं समझौतों से पीछे हट जाती है। इससे कर्मचारियों में लगातार रोष बढ़ता जा रहा है। रोडवेज नेता इंद्र सिंह ने कहा कि सरकार की दमनकारी नीतियों से कर्मचारी परेशान हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि हर सरकारी विभाग में कर्मचारियों के पद खाली नहीं है लेकिन सरकार नियमित भर्ती नहीं कर रही है। वहीं कच्चे कर्मचारियों को पक्का नहीं किया जा रहा है। हरियाणा कर्मचारी महासंघ संबंधित अध्यापक महासंघ के जिला प्रधान सत्यवान शास्त्री ने कहा कि सरकार से महासंघ पदाधिकारियों की बैठक हुई थी जिसमें सरकार ने स्वर्ण जयंती के मौके पर कर्मचारियों की सभी मांगों को पूरा कर दिया जाएगा लेकिन सरकार कर्मचारियों के साथ खिलवाड़ कर रही है सरकार को कर्मचारियों के हितों की कोई परवाह नहीं है। इस मौके पर रोडवेज के कर्मबीर सिंह, कमल सिंह, ताराचंद, ध्यानसिंह, रणबीर दांगी, राजेंद्र सांगवान, धर्मबीर सिंह करतार साहू, कमल, सुरेंद्र, ध्यान सिंह, मुनेश, राजबीर, ताराचंद, अशोक शर्मा, कृष्ण, प्रवेश, मंजीत, कुलदीप सांगवान, मनोज कुलदीप यादव मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

सरकारी काम रहा प्रभावित
सरकारी कार्यालय में कामकाज पूरी तरह से प्रभावित रहा। सुबह नौ बजे ही कर्मचारी एकत्र होने शुरू हो गए थे। करीब दो बजे तक विरोध प्रदर्शन का सिलसिला जारी रहा। कर्मचारियों को बस में बिठाकर शहर से करीब तीन किलोमीटर दूर छोड़ दिया गया इस वजह से कार्यालयों मेीं ीिदनभर सन्नाटा पसरा रहा। आम लोगों को अपने कामकाज करवाने में काफी परेशानी हुई। जेल भरे आंदोलन के दौरान शहर में बिजली एवं पेयजल आपूर्ति पर कोई खास प्रतिकूल असर नहीं पड़ा। बिजली की नियमित रूप से आपूर्ति रही ।
वर्जन
सरकार के पास कर्मचारियों की मांगें भेज दी जाएंगी। कर्मचारियों को कुछ देर बाद ही रिहा कर दिया गया।
ओमप्रकाश देवराला, चरखी दादरी एसडीएम
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें