बहादुरगढ़। आधुनिक औद्योगिक क्षेत्र के पार्ट-ए में स्थित एक जूता-चप्पल के गोदाम में शुक्रवार दोपहर को आग लग गई। आग इतनी भयंकर थी कि उसे बुझाने में फायर ब्रिगेड कर्मचारियों को 6 घंटे लग गए। आग बुझाने में 60 कर्मचारी भी जुटे रहे। बहादुरगढ़ के अलावा झज्जर से भी फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को बुलाया गया। फायर ब्रिगेड की 12 गाड़ियां अन्य फैक्ट्रियों से भी पानी लाकर आग बुझाती रहीं। घटना में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। समय रहते सभी कर्मचारी फैक्टरी के अंदर से बाहर निकल आए। फैक्टरी मालिक के अनुसार आग शॉर्ट सर्किट से लगी है।
जानकारी के अनुसार एमआईई पार्ट-ए में स्थित प्लॉट नंबर 590-591 में जूते की फैक्टरी है, जबकि यहीं पर स्टॉक रखने के लिए गोदाम बनाया गया है। शुक्रवार दोपहर करीब 2 बजे गोदाम से धुआं उठा तो आसपास की फैक्टरियों के संचालक बाहर निकले और उन्होंने देखा कि फैक्टरी के गोदाम में आग लगी हुई है। इसके बाद इसकी सूचना फैक्टरी मालिक रामकिशन सिंघल को दी गई। उन्होंने इसकी सूचना तुरंत फायर ब्रिगेड को दी। फायर ब्रिगेड के कर्मचारी सूचना मिलते ही आग बुझाने के लिए पहुंचे। एक-दो गाड़ियों से आग काबू न होती देख फायर अधिकारियों ने आसपास के जिलों से भी दमकल की गाड़ियां बुर्लाईं।
12 गाड़ियों ने पाया आग पर काबू
शुक्रवार दोपहर जूता निर्माण फैक्टरी के गोदाम में लगी आग इतनी भयंकर थी कि उसे बुझाने में फायर कर्मचारियों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। आग को बुझाने के लिए बहादुरगढ़ से आई 6 गाड़ियां भी कम पड़ गई। आग बढ़ती देख भिवानी, झज्जर, दादरी और रोहतक जिले से भी फायर ब्रिगेड की गाड़ियां बुलाई गईं। इसमें 2 भिवानी, एक झज्जर, एक दादरी और दो गाड़ियां रोहतक से पहुंचीं। आग में गोदाम में रखा तैयार व कच्चा माल जल गया।
मची रही अफरा-तफरी
फैक्टरी में आग लगने के दौरान पूरी तरह अफरा-तफरी मची रही। गनीमत यह रही कि समय रहते यहां काम कर रहे कर्मचारियों को बाहर निकाल लिया गया, अन्यथा बड़ा हादसा हो सकता था। जिस फैक्टरी में आग लगी थी, उसके संचालक रामकिशन सिंघल बीसीसीआई (बहादुरगढ़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज) के प्रधान हैं। उनके अनुसार फैक्टरी में आग शार्ट-सर्किट के कारण लगी थी। फिलहाल नुकसान का आकलन नहीं हो सका है।
धुआं अधिक होने के कारण हुई फायर कर्मचारियों को आग बुझाने में परेशानी
फैक्टरी के गोदाम में आग भयंकर रूप धारण कर गई। इससे फायर कर्मचारियों को आग बुझाने में परेशानियों का सामना करना पड़ा। आग बुझाने में 60 कर्मचारी जुटे रहे। बाद में गोदाम के टीन शेड को तोड़ने के लिए जेसीबी मशीन को बुलाया गया। मशीन से टीन शेड तोड़ने के बाद धुआं निकला, उसके बाद फायर कर्मचारियों ने आग को तेजी से बुझाने का प्रयास किया।