फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

डेंगू के दो पॉजिटिव और छह संदिग्ध मामले आए सामने, जिला मुख्यालय अस्पताल में टेस्ट तक की सुविधा नहीं

विज्ञापन
विज्ञापन
चरखी दादरी। जिले में दो डेंगू पॉजिटिव मामले इस सीजन में अब तक सामने आ चुके हैं जबकि छह लोग संदिग्धों की श्रेणी में हैं। इसके अलावा जिले में 30 मलेरिया पॉजिटिव मरीजों की भी स्वास्थ्य विभाग ने अब तक पुष्टि की है। अगर अकेले डेंगू की बात करें तो इस पर आठ मरीजों में इसके लक्षण नजर आए हैं लेकिन जिला मुख्यालय अस्पताल में डेंगू टेस्ट तक की मूलभूत सुविधा मुहैया नहीं है। दोनों डेंगू पॉजिटिव मरीज में एक युवक और एक वृद्धा शामिल है। युवक शहर निवासी एक चिकित्सक का बेटा बताया जा रहा है। उसके डेंगू पॉजिटिव होने की पुष्टि गुरुग्राम में हुई है जबकि वृद्धा झोझूकलां की रहने वाली है और उसकी पुष्टि हिसार में हुई। डेंगू के मामले सामने आने पर सीएमओ डॉ. वीरेंद्र यादव ने एक सप्ताह के अंदर जिला मुख्यालय अस्पताल में डेंगू टेस्ट सेवा शुरू करने के आदेश दे दिए हैं।
विज्ञापन

सीएमओ वीरेंद्र यादव ने डेंगू टेस्ट की सुविधा शुरू करने के निर्देश चिकित्सकों और स्टाफ को दिए हैं। अमर उजाला से बातचीत में उन्होंने बताया कि एक सप्ताह के अंदर सिविल अस्पताल में डेंगू जांच सुविधा शुरू कर दी जाएगी। गत दिनों हुई बारिश के चलते मौसम में बदलाव आया है और लोग बीमारियों की चपेट में आने लगे हैं। इस कारण एक तरफ जहां सिविल अस्पताल की 10 से 15 प्रतिशत प्रतिदिन ओपीडी बढ़ी है तो वहीं निजी खून जांच लैब पर भी काफी लोग पहुंच रहे हैं। जगह-जगह बारिश का पानी जमा होने से इस पर लारवा पनपने लगा है। खासकर एक दर्जन से अधिक गांवों में तो बारिश का पानी रुकने से 10 दिनों से विकट हालात हैं। शहर की कई गलियों व सड़कों सहित खाली प्लॉटों में काफी पानी जमा है और इससे लोगों में बीमारियां फैलने का डर बना हुआ है। सिविल अस्पताल में डेंगू टेस्ट नहीं हो पा रहे। यहां न तो सैंपल लेने की सुविधा है और न ही जांच रिपोर्ट तैयार करने की। ऐसे में जहां एक तरफ मरीजों को परेशानियां उठानी पड़ रही हैं तो वहीं सिविल अस्पताल स्टाफ को भी निजी लैब पर लिए गए सैंपल की रिपोर्ट तैयार करने के लिए दूसरे शहरों के धक्के खाने पड़ रहे हैं।
जिला मुख्यालय अस्पताल के अधीन करीब 172 गांव और आठ लाख की आबादी आती है और इसके बावजूद यहां और तीन सीएचसी और सभी पीएचसी में डेंगू टेस्ट की सुविधा नहीं है। पीएचसी या सीएचसी से मरीज को जिला मुख्यालय अस्पताल भेजा जाता है और फिर यहां से उसे सैंपल के लिए लैब भेजा जाता है। उस सैंपल की रिपोर्ट के लिए स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों को दूसरे शहरों के जिला मुख्यालय जाना पड़ता है। अब इस झंझट से जिलेवासियों को एक सप्ताह के अंदर निजात मिल जाएगी। सीएमओ वीरेंद्र यादव ने मलेरिया का दूसरा पॉजिटिव केस सामने आते ही संबंधित अधिकारी को डेंगू जांच की सुविधा जिला मुख्यालय अस्पताल में शुरू करने के आदेश दे दिए हैं। उन्होंने तुरंत इससे संबंधित डिमांड अधिकारियों को भेजने और जरूरी उपकरण मंगवाने के निर्देश दिए हैं। सीएमओ का कहना है कि अगले शुक्रवार से ही सिविल अस्पताल में डेंगू टेस्ट शुरू कर दिए जाएंगे।
विज्ञापन


ओपीडी भी बढ़ी, 30 मलेरिया पीड़ितों की पृष्टि
सिविल अस्पताल में औसतन ओपीडी 400 से 450 रहती है। अगर 10 दिनों की बात करें तो ओपीडी 10 से 15 प्रतिशत तक बढ़ी है। पिछले एक सप्ताह से तो 500 से अधिक मरीज ही उपचार के लिए सिविल अस्पताल पहुंचे हैं। इस बार 30 मलेरिया पॉजिटिव केस भी सामने आए हैं। हालांकि स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू और मलेरिया पॉजिटिव लोगों का उपचार कर घर भेज दिया है और अब भी उन पर पूरी निगरानी रखी जा रही है।

शहर में कई जगह जलभराव और गांवों की 4000 एकड़ भूमि अभी भी जलमग्न
बारिश के बाद से अब तक जिलेवासियों को पानी से निजात नहीं मिल पाई है। शहर में अभी भी गलियों, सड़कों और प्लॉटों सहित 40 से अधिक जगहों पर पानी ठहरा हुआ है। इसमें राजकीय स्कूल तक शामिल हैं। वहीं, अगर गांवों की बात करें तो एक दर्जन गांवों की चार हजार एकड़ भूमि अभी भी जलमग्न है। कई गांवो में तो गलियों और सड़कों से भी पानी निकासी नहीं हुई है।

डेंगू व मलेरिया झोझूकलां और दादरी में बरपा रहे कहर
स्वास्थ्य विभाग के सूत्रों की मानें तो डेंगू और मलेरिया का कहर दादरी शहर और झोझूकलां क्षेत्र में सबसे अधिक है। दोनों जगहों पर एक-एक डेंगू पॉजिटिव केस सामने आया है। इसके अलावा झोझूकलां में मलेरिया पॉजिटिव16 केस सामने आए हैं। दादरी शहर में भी नौ मलेरिया पॉजिटिव केस सामने आ चुके हैं। वहीं, बौंदकलां में चार और समसपुर गांव में भी एक मलेरिया पॉजिटिव केस पाया गया है।

डेंगू पॉजिटिव दो मामले सामने आए हैं और छह अभी संदिग्ध है। जलभराव को देखते हुए मैंने सभी सीएचसी और पीएचसी में तैनात चिकित्सकों को अलर्ट रहने के आदेश दे दिए हैं। एक सप्ताह के अंदर डेंगू जांच सुविधा जिला मुख्यालय अस्पताल में शुरू करवा देंगे। - डॉ. वीरेंद्र यादव, सीएमओ, सिविल अस्पताल
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें