अमर उजाला ब्यूरो
झज्जर।
स्वर्ण जयंती पशुधन प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने पशुपालकों का उत्साह बढ़ाते हुए उनके द्वारा तैयार किए गए मुर्राह नस्ल के झोटों, भैंस व ऊंट, घोड़े और गायों की सराहना की। उन्होंने कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़, विधायक नरेश कौशिक व भाजपा जिलाध्यक्ष बिजेंद्र दलाल के साथ खुली जीप में रेड कारपेट पर धीरे-धीरे घूमते हुए पशुपालकों की सलामी ली और उनकी कुशलक्षेम पूछी।
मुख्यमंत्री के जीप में चढ़ते ही किसान रामकिशन ने अपनी भैंस सोनिया को पुचकारने के लिए बुला लिया। सीएम ने उसको निराश ना करते हुए तुरंत जीप से उतरकर उसकी इच्छा पूरी की। इसके बाद मुख्यमंत्री को सम्राट झोटे के पालकों ने बताया कि यह युवराज का छोटा भाई है। मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी में खड़े घोड़ों को भी मुस्कुराते हुए देखा और उनके मालिकों द्वारा तैयार की जा रही नस्ल को सराहनीय बताया।
नागौरी ऊंटों को देखते ही मुख्यमंत्री ने याद किया कि यह वही ऊंट है, जिस पर बहल क्षेत्र का दौरा करते हुए उन्होंने गांव पाजू में सवारी की थी। स्वामी संपूर्णानंद की गाय को मुख्यमंत्री ने गुड़ खिलाया। जब मुख्यमंत्री को पता चला कि उनकी उपस्थिति के कारण लोगों को मैदान में आने नहीं दिया जा रहा है तो उन्होंने फौरन पुलिस अधीक्षक को बाहर खड़ी भीड़ को अंदर आने के निर्देश दिए। प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए मुख्यमंत्री ने झींगा मछली को हाथ में लेकर देखा। उन्होंने बाजरे के बिस्कुट व लड्डू आदि का स्वाद चखा और जैविक खेती कर सब्जी उगाने वाले किसानों की तारीफ की। इस अवसर पर पशुधन विकास बोर्ड के चेयरमैन ऋषि प्रकाश शर्मा, आयुक्त चंद्र प्रकाश, उपायुक्त सोनल गोयल समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।