चरखी दादरी/बौंदकलां। राजस्व विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव केसनी आनंद अरोड़ा ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि इस माह के अंत तक खेतों से जलभराव खत्म करें जिससे रबी की बिजाई हो सके। उन्होंने कहा कि किसान भी धान की रोपाई न करने का संकल्प लेकर जलभराव के स्थायी समाधान में अपना सहयोग सुनिश्चित तौर पर करें। सिंचाई विभाग के प्रधान सचिव अनुराग रस्तोगी, रोहतक मंडल के आयुक्त पंकज यादव, पुलिस अधीक्षक हिमांशु गर्ग, अतिरिक्त उपायुक्त डॉ. मनोज कुमार आदि अधिकारियों के साथ केसनी आनंद अरोड़ा ने शुक्रवार सुबह गांव बौंदकलां, रणकोली, ऊण, रानीला, भागेश्वरी, इमलोटा का दौरा किया और ग्रामीणों एवं पंचायत प्रतिनिधियों से भी बातचीत की।
बौंदकलां में अतिरिक्त मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि और अधिक पंप सेट लगाकर पानी निकासी के कार्य में तेज किया जाए। उन्होंने अभी तक की गई कार्रवाई पर संतोष जताकर कहा कि इस समस्या का स्थायी समाधान किया जाए। प्रधान सचिव अनुराग रस्तोगी ने कहा कि जब तक ग्रामीण धान की रोपाई का त्याग नहीं करेंगे, जलभराव की समस्या बदस्तूर जारी रहेगी। इस समस्या को पूरी तरह समाप्त करने के लिए यह आवश्यक है कि ग्रामीण स्वेच्छा से इस क्षेत्र में धान की फसल लेना बंद कर दें। सरपंच प्रतिनिधि ओमप्रकाश, सुरेश आदि ने उच्चाधिकारियों से नई पक्की ड्रेन बनवाने और खेतों में भूमिगत पाइप लाइन बिछवाने का आग्रह किया। इस पर प्रधान सचिव अनुराग रस्तोगी ने कहा कि मौजूदा ड्रेन को और चौड़ा करवा दिया जाएगा। इसके अलावा खेतों से रास्ते के पाइप हटाकर पानी निकासी की गति तेज कर दी जाएगी। उन्होंने बताया कि इस क्षेत्र के पानी को बधवाना डिस्ट्रीब्यूटरी में डालकर रेतीले इलाके में ले जाने का कार्य किया जाएगा। इसी प्रकार बौंद क्षेत्र के पानी को लोहारू कैनाल में डालने की कार्य योजना बनाई जा रही है। बिजली वितरण निगम के अधीक्षक अभियंता एसएस सांगवान ने बताया कि दादरी क्षेत्र में 81 ट्रांसफार्मर लगाकर विद्युत आपूर्ति दी जा रही है। जलभराव वाले इलाके में बिजली की सप्लाई पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। लोहारू जल सेवा मंडल के अधीक्षक अभियंता राजेश खत्री ने बताया कि बौंद में नौ इलेक्ट्रिक पंप, चार वीटी पंप, 44 ट्रैक्टर व मोटरें लगाकर पानी निकाला जा रहा है। बौंद के गोंसाई, कलिसर, भांसरी आदि जोहड़ों का पानी ड्रेन के जरिए बौंद डिस्ट्रीब्यूटरी में डाला जा रहा है। उन्होंने बताया कि बौंद गांव के अंदर गलियों में चार फुट तक पानी भरा हुआ था जो अब निकाल दिया गया है। इस मौके पर एसडीएम ओमप्रकाश देवराला, कार्यकारी अभियंता अरुण मुंजाल, दलीप सिंह, तहसीलदार कमलसिंह, नायब तहसीलदार अजीत सिंह, महावीर प्रसाद, बिजली निगम के कार्यकारी अभियंता ओमबीर सिंह, एसडीओ वेदपाल सांगवान, वेदप्रकाश सहरावत, पुष्पेंद्र, जयप्रकाश, खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी नरेंद्र मल्होत्रा आदि मौजूद रहे।
सरपंच ने की भागेश्वरी माइनर की सफाई कराने की मांग
सिंचाई विभाग के प्रमुख अभियंता वीरेंद्र सिंह ने बताया कि बौंद में आज ही और पंप सेट व पाइप लगाकर पर जल निकासी को तेज कर दिया जाएगा। गांव रानीला में सरपंच ने राजस्व विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव से भागेश्वरी माइनर की सफाई करवाने का अनुरोध किया। अतिरिक्त उपायुक्त मनोज कुमार ने आश्वासन दिया कि इस काम को करवा दिया जाएगा। प्रधान सचिव अनुराग रस्तोगी ने अधीक्षक अभियंता राजेश खत्री को गांव इमलोटा में मुख्य मार्ग के किनारे बनाई गई अस्थाई ड्रेन पर पंप हाउस बनवाने के आदेश दिए।
नई ड्रेन परियोजना मुख्यालय भेजने के दिए मुख्य सचिव ने आदेश
अतिरिक्त मुख्य सचिव ने ग्रामीणों से नई ड्रेन बनवाने के लिए कलेक्टर रेट पर जमीन देने को कहा। उन्होंने कहा कि ग्रामीण ई-भूमि पोर्टल पर इसके लिए अपने प्रस्ताव भेंजे। उन्होंने जिला राजस्व अधिकारी राजकुमार और गांव के सभी 12 नंबरदारों को यह कार्य करवाने के निर्देश दिए। केसनी आनंद अरोड़ा ने कहा कि नई ड्रेन की परियोजना बनाकर मुख्यालय को भिजवाए। उन्होंने कहा कि जमीन देने के प्रस्ताव 14 अक्तूबर तक पूरे हो जाएं और पानी निकासी का काम माह के अंत तक कर दिया जाए।