हरियाणा देश का पहला ऐसा राज्य है जो कुश्ती और पहलवानी के साथ ही बॉक्सिंग के लिए जाना जाता है। इस साल मुक्केबाजों ने फिर से अपना दबदबा कायम किया है और अपनी प्रतिभा का लोहा मलवाया है। मार्च में दिल्ली में हुई महिला विश्व मुक्केबाजी चैंपियनशिप में बॉक्सिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया की तरफ से भारतीय टीम के लिए 12 मुक्केबाजों का चयन किया गया है, जिनमें 8 बेटियां हरियाणा की थीं।
इनमें भिवानी के गांव धनाना की रहने वाली बॉक्सर नीतू घणघस ने 48 किलोग्राम भार वर्ग में मंगोलिया की मुक्केबाज लुत्साईखान को 5-0 से हराकर गोल्ड मेडल पर कब्जा किया। वहीं, हिसार निवासी बॉक्सर स्वीटी बूरा ने 81 किलोग्राम के लाइट हेवीवेट वर्ग में चीन की वांग लिना को 4-3 से हराकर गोल्ड मेडल जीता। एशियन गेम्स 2023 में भिवानी की मुक्केबाज बेटी प्रीति पंवार (54 किलो) ने कांस्य पदक जीतने के साथ ही पेरिस ओलंपिक 2024 का कोटा भी हासिल किया।
वहीं, रुड़की की बॉक्सर प्रवीन हुड्डा ने भी 57 किग्रा स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर पेरिस ओलंपिक 2024 का कोटा हासिल किया। साथ ही नरेंद्र बेरवाल ने बॉक्सिंग में 92 प्लस किलोग्राम भारवर्ग में ब्रॉन्ज मेडल जीता। हाल ही में शिलांग में राष्ट्रीय मुक्केबाजी चैंपियनशिप में अमित पंघाल ने चंडीगढ़ के अंशुल पुनिया को हराया और सर्वसम्मति से 5-0 के फैसले के साथ स्वर्ण पदक हासिल किया। इसके अलावा भोपाल (मध्य प्रदेश) में हुई युवा महिला राष्ट्रीय बॉक्सिंग चैंपियनशिप में हरियाणा के मुक्केबाजों ने 8 स्वर्ण और 1 कांस्य पदक के साथ ओवरऑल ट्रॉफी पर कब्जा जमाया।
इस वर्ष निशानेबाजी में हरियाणा के खिलाड़ियों ने कमाल का प्रदर्शन किया है। चीन में हुए 19वें एशियाई खेलों में 10 मीटर एयर पिस्टल टीम इवेंट में फरीदाबाद के शिवा नरवाल ने गोल्ड मेडल जीता है, जबकि सरबजोत सिंह ने 10 मीटर पिस्टल टीम इवेंट में स्वर्ण पदक और मिक्स्ड में सिल्वर पदक हासिल किया। 25 मीटर रेपिड फायर पिस्टल में आदर्श सिंह ने टीम इवेंट में ब्रॉन्ज और अनीश भानवाला ने ब्रॉन्ज मेडल जीता है। वहीं 25 मीटर स्पोट्स पिस्टल में फरीदाबाद की रिदम सांगवान और झज्जर की मनु भाकर ने गोल्ड पर निशाना साधा है। शूटिंग में ही 10 मीटर एयर पिस्टल में झज्जर की पलक गुलिया ने व्यक्तिगत श्रेणी में गोल्ड और टीम इवेंट में सिल्वर हासिल किया है। इसी स्पर्धा में कुरुक्षेत्र की रमिता ने टीम इवेंट में सिल्वर और व्यक्तिगत श्रेणी में ब्रॉन्ज मेडल पर निशाना लगाया है।
28 अगस्त, 2023 का साल नीरज चोपड़ा की जिंदगी में हमेशा एक खूबसूरत याद की तरह जुड़ा रहेगा। इस साल हंगरी के बुडापेस्ट में 88.17 मीटर भाला फेंककर वे वर्ल्ड चैंपियन बने। इसके साथ ही सीनियर विश्व चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने वाले वे पहले भारतीय एथलीट बन गए। टोक्यो ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीतने के बाद उनके पास इसी खिताब की कमी थी। नीरज आज स्पोर्ट्स आइकन हैं। एशियन गेम्स में जेवलिन थ्रो में नीरज ने सीज़न के सर्वश्रेष्ठ 88.88 मीटर थ्रो के साथ गोल्ड मेडल जीता। हालांकि, वे डायमंड लीग में स्वर्ण पदक से चूक गए। वह 83.80 मीटर थ्रो के साथ दूसरे स्थान पर रहे।
कुश्ती खिलाड़ियों के लिए 2023 खासा उथल-पुथल भरा रहा। इस खेल को लेकर इतनी राजनीति हुई कि जिसका असर खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर पड़ा। कुछ बड़े पहलवानों ने जनवरी में भारतीय कुश्ती महासंघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण पर जूनियर महिला खिलाड़ियों का यौन शोषण करने का आरोप लगाकर खेल जगत में सनसनी फैला दी। खिलाड़ियों ने बृजभूषण के खिलाफ दिल्ली में धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया।
इसके बाद सरकार ने कुश्ती संघ की कार्यकारिणी को भंग कर तदर्थ समिति का गठन किया। आरोप लगाने वाली खिलाड़ियों के बयान दर्ज कराने के लिए बनाई गई कमेटी में शामिल योगेश्वर दत्त और आंदोलन करने वाले बजरंग पूनिया, विनेश फोगाट और साक्षी मलिक के बीच भी आरोप-प्रत्यारोप का दौर चला। कार्यकारिणी के चुनाव समय पर न होने पर यूनाइटेड वर्ल्ड रेसलिंग ने भारतीय कुश्ती संघ की मान्यता निलंबित कर दी। बृजभूषण के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की मांग लेकर कुश्ती खिलाड़ियों ने अप्रैल में दिल्ली में धरना शुरू किया।
इसके बाद मई में पहलवानों ने संसद की ओर कूच शुरू किया। पुलिस ने आरोप लगाया कि रोकने पर पहलवानों ने धक्का-मुक्की के साथ बेरीकेड तोड़ दिए। महिला पुलिस कर्मियों के सा दुर्व्यवहार किया। इस बीच पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने कुश्ती संघ के चुनाव पर रोक लगा दी। दिसंबर आते-आते सुप्रीप कोर्ट के आदेश पर कुश्ती संघ के चुनाव कराए गए और इसमें बृजभूषण के करीबी संजय सिंह ने जीत हासिल की। इस जीत से आंदोलन करने वाले पहलवानों ने खुद को ठगा सा महसूस किया।
नतीजन साक्षी मलिक ने कुश्ती से संन्यास ले लिया और बजरंग पूनिया ने पद्मश्री सम्मान पीएम आवास के बाहर फुटपाथ पर रखकर वापस लौटा दिया। खिलाड़ियों के दबाव में खेल मंत्रालय ने कुश्ती संघ की नई कार्यकारिणी को निलंबित कर दिया। लेकिन इन सब आरोपों, धरना-प्रदर्शन, तनाव और राजनीति के बीच इस खेल में कुछ अच्छा भी हुआ। हिसार की महिला पहलवान अंतिम पंघाल ने एशियन खेलों में कांस्य पदक जीता। इसके अलावा अंतिम ने विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीतने के साथ ही पेरिस ओलंपिक का टिकट हासिल कर लिया।
एशियाई चैंपियनशिप में रजत जीतने के साथ अंतिम ने अंडर-20 वर्ल्ड चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इन उपलब्धियों के अलावा अंतिम और सोनीपत के पहलवान सुनील कुमार का चयन अर्जुन अवॉर्ड के लिए हुआ है। चीन के हांगझोउ में सोनीपत के गांव डबरपुर निवासी सुनील कुमार ने 87 किलो भार वर्ग ग्रीको रोमन कुश्ती में कांस्य पदक जीता। हिसार के नरेंद्र बेरवाल ने एशियाई खेलों में बॉक्सिंग में 92 प्लस किलोग्राम भारवर्ग में ब्रॉन्ज मेडल जीता।
रोहतक की बेटी शैफाली वर्मा के नेतृत्व में अंडर-19 महिला टी20 विश्व कप जीता। फाइनल में भारत ने इंग्लैंड को सात विकेट से हराकर टूर्नामेंट जीत लिया है। टीम इंडिया ने इस विश्व कप के पहले संस्करण को जीतकर इतिहास रच दिया है। इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत के सामने 69 रन का लक्ष्य रखा था और टीम इंडिया ने तीन विकेट खोकर इसे हासिल कर लिया। हरियाणा की बेटी की कामयाबी के बाद सीएम मनोहर लाल ने शैफाली वर्मा के घर पहुंचकर उनके पिता को बधाई भी दी। हाल ही में हरियाणा ने राजस्थान को हराकर विजय हजारे ट्रॉफी अपने नाम की। इसमें स्टार ऑलराउंडर सुमित कुमार का बल्ले और गेंद दोनों से प्रदर्शन सराहनीय रहा। इसके चलते वह प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट भी रहे।
हरियाणा की बेटी सविता पूनिया की कप्तानी में 2023 में आयोजित हांगझू एशियाई खेलों हांगझोऊ में भारत ने हॉकी में कांस्य पदक जीता। भारतीय टीम ने जापान को 2-1 से हराकर एशियाई खेलों के इतिहास में अपना चौथा कांस्य पदक जीता। वहीं, भारतीय हॉकी टीम ने जापान को 5-1 से हराकर गोल्ड अपने नाम किया। साथ ही पेरिस ओलंपिक के लिए भी क्वालीफाई कर लिया है। 37वें राष्ट्रीय खेलों की टीम स्पर्धा में हरियाणा की हॉकी टीमों का उत्कृष्ट प्रदर्शन रहा। पुरुष टीम ने कर्नाटका को 5-3 से हराकर स्वर्ण पदक जीता। वहीं महिला हॉकी टीम को मध्य प्रदेश से शूटआउट में हार के साथ रजत पदक पर संतोष करना पड़ा। इसके अलावा ओडिशा में 4 से 14 मई तक हुई 13वीं हॉकी इंडिया सब जूनियर महिला राष्ट्रीय चैंपियनशिप में हरियाणा ने झारखंड को हराकर ट्राफी पर कब्जा जमाया।