थुराना गांव में मंगलवार को एक युवक ने खेत में अपनी पत्नी की कस्सी से वार कर हत्या कर दी। इसके बाद युवक घर पहुंचा और फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलने पर नारनौंद पुलिस ने मौके पर पहुंच शव को नीचे उतारा और दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए हांसी के सामान्य अस्पताल भिजवाया। परिजनों के अनुसार कृष्ण दिमागी रूप से परेशान चल रहा था और उसका इलाज भी चल रहा था।
जींद के गांव सिंधवीखेड़ा निवासी जोनिस उर्फ बंटी ने बताया कि उसकी बहन सविता (30) की शादी 2002 में थुराना निवासी कृष्ण (35) के साथ हुई थी। कृष्ण पिछले काफी समय से दिमागी रूप से बीमार चल रहा था। उसका इलाज हिसार व रोहतक से चल रहा था। सोमवार को करीब डेढ़ बजे कृष्ण और सविता बाइक पर पशुओं के लिए हरा चारा लेने गए थे। कुछ समय बाद कृष्ण अकेला ही चारा लेकर घर पहुंचा। घर वालों को शक हुआ तो उन्होंने खेत में जाकर देखा। वहां सविता का शव खेत में बने कमरे के आगे खून से लथपथ पड़ा था। सविता पर कस्सी से वार किए गए थे, जिससे अधिक खून बहने से उसकी मौत हो चुकी थी। परिजन उसके शव को घर पर लेकर आए तो कृष्ण भी घर की छत पर बने कमरे में लगे पंखे के हुक पर लटका मिला। इसके बाद घटना की जानकारी नारनौंद पुलिस को दी गई। पुलिस ने मौके पर सीन ऑफ क्राइम की टीम को भी बुलाया, जिसने घटनास्थल से तथ्य जुटाए।
तीन बच्चे छोड़ गए दोनों
पुलिस ने मृतक कृष्ण के खिलाफ आईपीसी की धारा 302 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सविता और कृष्ण के तीन बच्चे हैं। सबसे बड़ी 12 वर्षीय बेटी नेहा, 10 वर्षीय बेटा रोहित व आठ वर्षीय बेटा गोल्डी हैं।
हाथ, पैर व गर्दन पर किए वार
युवक ने कस्सी से कई वार कर अपनी पत्नी की बेरहमी से हत्या की। उसने अपने आपको बचाने की बहुत कोशिश की होगी, क्योंकि उसके दोनों हाथों में भी काफी चोटें लगी हुई थीं। हाथों के साथ पैरों और गर्दन पर वार के निशान पाए गए हैं।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई थी। कृष्ण का शव पंखे से लटका हुआ मिला और महिला के शव को परिजन घर लेकर आए हुए थे। मृतका सविता के भाई जोनिस उर्फ बंटी के बयान पर मृतक कृष्ण के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शवों का पोस्टमार्टम बुधवार को कराया जाएगा।
- दलबीर सिंह, थाना प्रभारी, नारनौंद