हिसार। तेज तपन से बचने के लिए छाते का सहारा लेकर जाती छात्राएं।
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मौसम में एक बार फिर बदलाव की संभावना जताई गई है। इससे आने वाले दो दिनों में किसानों की समस्या बढ़ सकती है। मौसम विभाग ने पांच व छह अप्रैल को बरसात की संभावना जताई है। पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने के कारण छह व सात अप्रैल को बादल छाये रहेंगे और इस दौरान कहीं-कहीं गरज के साथ बरसात हो सकती है।
मौसम को देखते हुए विभाग ने किसानों को फसलों की कटाई में ध्यान रखने को कहा है। साथ ही सलाह दी कि मंडी में फसलों को बेचने के लिए ले जाते समय तिरपाल आदि साथ रखें। बरसात होने की स्थिति में फसल को भीगने से बचाया जा सके। विभाग ने बरसात के साथ तेज हवा चलने की आशंका जताई है। जिसे देखते हुए किसानों को गेहूं की कटाई के बाद बंडलों को अच्छी तरह से बांधने को कहा है, ताकि तेज हवा चलने से उन्हें बिखरने से बचाया जा सके। मौसम के मिजाज को देखते हुए कृषि वैज्ञानिकों ने पकी हुई सरसों की फसल की जल्द कटाई करने को कहा गया है।
वहीं मौसम साफ होने के बाद कपास की बिजाई करने की सलाह दी गई। गौरतलब है कि मार्च माह में मौसम ने कई रंग दिखाये थे। बरसात और ओलावृष्टि से रबी की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा था। अब अप्रैल में भी मौसम बार-बार बदल रहा है। इससे किसानों की समस्या बढ़ गई है। शहर में मंगलवार को बादल छाये रहे। शाम को ठंडी हवायें भी चलीं।