हिसार। बेटी की तलाश के लिए पिछले चार दिन से धरने पर बैठा परिवार शुक्रवार रात भी डटा रहा। दंपती ने कहा, बेटी के मिलने तक वे टस से मस नहीं होंगे। उधर, आजादनगर थाना प्रभारी साधुराम परिवार से मिलने पहुंचे। उन्होंने अनुरोध किया कि धरना खत्म कर दें। आप धरना खत्म नहीं कर रहे हैं तो कम से कम बच्चों को घर भेज दें। सर्दी के मौसम में बच्चों को सड़क पर खुले में रखने से उनके बीमार होने की आशंका है, लेकिन दंपती ने उनकी बात नहीं मानी।
बेटी हर्षिता के लापता होने को करीब ढाई माह हो चुके हैं, लेकिन अब तक उसका कोई सुराग नहीं है। पुलिस और प्रशासन तक अपनी फरियाद पहुंचाने के लिए दंपती और दो बच्चे लघु सचिवालय के बाहर धरना दे रहे हैं। सुनील सोनी ने कहा कि जब तक बेटी नहीं मिलेगी धरने से नहीं उठेंगे। पहले भी हम पुलिस के आश्वासन पर धरना छोड़कर घर चले गए थे, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। अब फैसला करके आए हैं कि बेटी को लेकर ही जाएंगे, नहीं तो आखिरी सांस तक धरने पर डटे रहेंगे। एसएचओ साधुराम ने ने बताया कि सुनील सोनी से धरना खत्म करने का अनुरोध किया, लेकिन मना कर दिया। वे बच्चों को भी घर भेजने को तैयार नहीं है।