तालु के राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में शिक्षकों की कमी से नाराज छात्राओं, अभिभावकों और ग्राम पंचायत सदस्यों ने शनिवार को स्कूल पर ताला जड़ दिया।
इस दौरान छात्राओं ने शिक्षामंत्री का पुतला फूंका और शिक्षा विभाग के खिलाफ नारेबाजी की। तालाबंदी की सूचना पर खंड शिक्षा अधिकारी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया। तब जाकर ताला खोला गया।
मुख्य संसदीय सचिव धर्मबीर सिंह के गांव तालु के राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में शिक्षकों की संख्या कम है। इससे नाराज छात्राओं और ग्रामीणों ने शनिवार सुबह नौ बजे स्कूल के गेट पर ताला जड़ दिया और शिक्षामंत्री गीता भुक्कल का पुतला फूंका।
प्रदर्शनकारियों ने स्कूल के स्टाफ को भी अंदर नहीं जाने दिया। स्कूल स्टाफ ने इसकी जानकारी कार्यकारी प्राचार्य निहाल सिंह को दी।
निहाल सिंह धनाना स्कूल में प्राचार्य पद पर नियुक्त हैं और तालु के कन्या स्कूल का अतिरिक्त कार्यभार भी उनको दिया गया है। प्राचार्य ने छात्राओं से ताला खोलने की अपील की।
छात्राओं का कहना था कि जब तक उनके स्कूल में सभी विषयों के शिक्षकों की नियुक्ति नहीं होगी तालाबंदी जारी रहेगी। प्राचार्य ने इसकी जानकारी शिक्षा विभाग के अधिकारियों को दी।
शिक्षा विभाग की ओर से खंड शिक्षा अधिकारी तकदीर सिंह ने छात्राओं और ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि मंगलवार तक स्कूल में सभी विषयों के शिक्षकों की नियुक्ति कर दी जाएगी। उनके आश्वासन पर प्रदर्शनकारी मान गए।
उन्होंने कहा कि मंगलवार तक नियुक्ति नहीं की गई तो भिवानी-जींद रोड जाम किया जाएगा। ग्रामीण धर्मपाल, जोगेंद्र सिंह, रामकुवार, मान सिंह, राजबीर, जयबीर बीडीसी, ईश्वर सूबेदार, बनवारी नंबरदार, प्रताप सिंह, सतबीर शर्मा, बलवान, सुभाष ने बताया कि स्कूल को 12वीं तक अपग्रेड किए पांच साल हो चुके हैं लेकिन अब भी स्कूल में शिक्षकों की कमी है।
स्कूल में करीब 350 छात्राएं हैं। 11वीं और 12वीं में 64 छात्राएं हैं। सीनियर विंग में 13 शिक्षकों के पद हैं लेकिन सिर्फ दो शिक्षक ही नियुक्त किए गए हैं। कई बार उच्च अधिकारियों से शिकायत की गई लेकिन उनकी समस्या पर कोई ध्यान नहीं दिया गया।