एडीजे डीआर चालिया की अदालत ने दौतलपुर के बाबा बड़ वाला डेरा के महंत अंगड़ाई नाथ की चाकू मारकर हत्या करने के जुर्म में कोथ कलां निवासी चेले मुंदराई नाथ उर्फ राजेंद्र और पंजाब के मुक्तसर निवासी रसोइये कृष्ण उर्फ भंडारी को दोषी करार दिया है। कोर्ट दोनों को बुधवार को सजा सुनाएगी।
पुलिस ने इस संबंध में 13 जुलाई 2014 को केस दर्ज किया था। दौलतपुर के सरपंच प्रतिनिधि सुमित कुमार ने पुलिस को सूचना देकर बताया था कि गांव के बाबा बड़ वाले के डेरे में महंत अंगड़ाई नाथ की किसी ने नुकीले हथियार से वार कर हत्या कर दी है। पुलिस ने मौके पर जाकर शव कब्जे में ले लिया था। जानकारी के अनुसार मुंदराई नाथ उर्फ राजेंद्र और भंडारी उर्फ कृष्ण का कूलर चलाने को लेकर महंत अंगड़ाई नाथ से झगड़ा हो गया था। फिर डेरे में अंगड़ाई नाथ का चारपाई पर लहुलुहान शव मिला था। उकलाना थाना पुलिस ने इस संबंध में अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया था। पुलिस ने वारदात के 22 दिन बाद कोथ कलां के मुंदराई नाथ को गिरफ्तार किया तो वारदात का खुलासा हो गया था। आरोपी ने बताया था कि डेरे में कूलर लगाने पर अंगड़ाई नाथ से लड़ाई हो गई थी और फिर मामला शांत हो गया था। बाद में उसने व कृष्ण ने शराब की एक बोतल पीकर सो रहे अंगड़ाई नाथ पर चाकू से हमला किया था। बाद में पुलिस ने कृष्ण को गिरफ्तार किया था।
मुंदराई नाथ ने हत्या के बाद चाबी निकालकर अलमारी से चढ़ाए की नकदी चुराई थी। दूसरे पक्ष का कहना था कि चढ़ावे को लेकर महंत की हत्या की गई। मुद्दई के अधिवक्ता महेंद्र सिंह नैन ने बताया कि दोनों आरोपियों को कोर्ट ने दोषी करार दिया है। उनको बुधवार को सजा सुनाई जाएगी।