शहर की सड़कों पर दौड़ने वाले वाहनों को सुचारू रूप से चलाने के लिए जिला प्रशासन की तरफ से शहर के चौक-चौराहों पर ट्रैफिक लाइटें लगाई गईं हैं। कुछ समय तक ये लाइटें सही चली, लेकिन उसके बाद से ये बंद हैं। धुंध और कोहरा छाने लगा है ऐसे में बिना ट्रैफिक लाइट के हादसे होने का खतरा बना रहता है। चौकाने वाली बात ये है कि शहर के चौराहों पर लगी ट्रैफिक लाइटों में से बस तीन ही लाइटें हैं जो काम कर रही हैं। वहीं जो चल रही हैं उनकी टाइमिंग ज्यादा है। ऐसे में काफी देर तक वाहन चालक जाम में फंसे रहते हैं। यातायात को सुचारू रूप से चलाने के लिए पुलिस कर्मचारियों को मशक्कत करनी पड़ रही है।
बनी रहती है जाम की स्थिति
शहर की मुख्य सड़क पर हर रोज जाम की स्थिति बनी रहती है। अधिकतर समस्या पुराने ओवरब्रिज से लेकर नागरिक अस्पताल तक होती है। यहां पर वाहन रेंगते हुए गुजरते है। इसके अलावा कैंप चौक से लेकर जिंदल चौक तक जाम लगता है। दोपहर और देर शाम के समय जाम की स्थिति बिगड़ जाती है। इसका सबसे बड़ा कारण यही है कि चौक-चौराहों पर जो ट्रैफिक लाइटें लगी हैं वो बंद हैं। इसके अलावा शाम के समय लोग शोरूम के बाहर गाड़ियां खड़ी कर देते है जिसके कारण भी जाम लगा रहता है।
राजगढ़ मार्ग पर लगी ट्रैफिक लाइट का समय है सबसे ज्यादा
जानकारी के अनुसार राजगढ़ मार्ग पर पुलिस नाके के पास लगी ट्रैफिक लाइट की टाइमिंग ज्यादा है। शहर से राजगढ़ मार्ग की तरफ जाने वाले वाहनों को डेढ़ मिनट तक इंतजार करना पड़ता है। वहीं साउथ बाईपास की तरफ जाने वाले वाहनों को 30 सेंकेड रुकना पड़ता है। ऐसे में कई बार जाम लगा रहता है। यातायात पुलिसकर्मी व्यवस्था सुधारने में लगे रहते है।
ये लाइटें पड़ी हैं बंद
जिंदल चौक के पास दो चौकों पर लगी लाइटें, डाबड़ा चौक, बीकानेर चौक, नागोरी गेट, तलाकी गेट, न्यू क्लॉथ मार्केट के पास चौराहे पर लगी लाइट, बरवाला चुंगी के पास लगी लाइटें बंद पड़ी हैं।
ये चालू हालत में
आईजी, रानी लक्ष्मीबाई चौक और राजगढ़ नाके पर लगी ट्रैफिक लाइटें चालू हालत में है। इसका एक कारण ये भी है कि इस दोनों रूटों से अधिकारियों की आवाजाही है।
जो ट्रैफिक लाइटें बंद हैं उनको सही कराया जाएगा। इसके अलावा ट्रैफिक लाइटों की टाइमिंग भी सही करवाई जाएगी। ताकि वाहन चालकों को कोई परेशानी न हो।
- जसवंत सिंह, यातायात थाना प्रभारी हिसार