जिले के एक गांव में एक युवती से दुराचार और उसकी तीन सहेलियों के साथ हुए छेड़छाड़ मामले में कई जनसंगठनों को साथ लेकर ग्रामीणों ने लघु सचिवालय में प्रदर्शन किया।
लघु सचिवालय पर प्रदर्शन करने वाले लोगों ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि दो दिन के अंदर सभी आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया तो गांव से सभी दलित पलायन कर जाएंगे।
प्रदर्शन के दौरान किसी तरह की घटना न हो, इसके चलते लघु सचिवालय पुलिस छावनी में तबदील हो गया था। तीसरे दिन भी ग्रामीण और जनसंगठन धरने पर बैठे रहे।
ग्रामीणों ने कहा कि पूरे मामले में गांव के सरंपच की संदिग्ध भूमिका रही है। उस पर मामला दर्ज किया जाए। सुबह 9 बजे ही सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण और अन्य जन संगठनों के लोग लघु सचिवालय पर एकत्रित हो गए और नारेबाजी शुरू कर दी।
आक्रोश बढ़ता देख पुलिस प्रशासन की तरफ से डीएसपी राजेश ग्रामीणों से बातचीत करने पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि जल्द ही एक अन्य आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
सरपंच के मामले में उन्होंने कहा कि अगर इस मामले में जांच में सरपंच की भूमिका मिली तो उस पर भी सख्त कार्रवाई होगी।
ग्रामीणों ने प्रशासन को चेतावनी दी कि अगर रविवार तक सभी आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया और सरपंच के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई तो सभी दलित परिवार गांव छोड़ देंगे।
अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति की राष्ट्रीय महासचिव जगमती सांगवान ने दुराचार के मामले की सूचना पर धरना स्थल पर पहुंची। उन्होंने प्रदेश में अलग-अलग जगह महिलाओं के साथ हो रहे यौन-शोषण एवं दुराचार की घटनाओं के पीछे मुख्यमंत्री की नजरअंदाजी को जिम्मेवार ठहराया।
उन्होंने कहा कि इस मामले के बाद गांव के कोई भी दलित परिवार यहां रहना नहीं चाहता। सरपंच का रवैया न्यायप्रिय नहीं है। उन्होंने कहा कि इस गांव में पहले भी महिलाओं की इज्जत पर हमले होते रहे हैं।
महिला कर्मचारियों के साथ भी ऐसा ही व्यवहार हो रहा है। जनवादी महिला समिति इसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं करेगी।
पकड़े गए आरोपियों ने पुलिस पूछताछ में अपहरण के बाद गांव में ही युवती के साथ दुराचार की बात स्वीकारी है। इस घटना के बाद सभी लोग गाड़ी में युवतियों को बैठाकर देर रात गांव से बाहर निकले और रात में ये भटिंडा पहुंच गए।
पुलिस ने 27 मार्च की रात को पकड़े भगाना के सुमित और भिवानी के कुंगड़ गांव निवासी परमल को शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया। आरोपियों को पुलिस ने दो दिन के रिमांड पर लिया है।
इससे पहले पकड़े गए दो आरोपी ललित और संदीप को पुलिस ने कोर्ट में पेश कर तीन दिन के रिमांड पर लिया हुआ है।
ये था मामला 23 मार्च की रात को जिले के एक गांव से चार लड़कियों का अपहरण कर लिया गया।
इनमें से एक युवती के साथ ललित नामक युवक ने दुराचार किया और युवती की तीन सहेलियों के साथ छेड़छाड़ की घटना हुई। आरोपियों ने घटना को अंजाम लड़कियों को नशीला पदार्थ सुंघाकर दिया। पीड़ित लड़कियों में दो नाबालिग हैं।