हिसार। सरकारी स्कूलों की आधारभूत सुविधाओं को सुदृढ़ करने और विकास कार्यों की बेहतर योजना बनाने के लिए शिक्षा विभाग ने जिले के सभी सरकारी विद्यालयों का व्यापक सर्वे कराने का निर्णय लिया है। यह सर्वे गर्मी की छुट्टियों के दौरान किया जाएगा। इसके तहत स्कूल भवनों, प्रयोगशालाओं, पुस्तकालयों, खेल मैदानों, उपलब्ध संसाधनों और खाली पड़ी भूमि का विस्तृत रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा।
विभाग के निर्देशानुसार प्रत्येक विद्यालय की वर्तमान स्थिति का सटीक दस्तावेज तैयार किया जाएगा। सर्वे में कमरों की संख्या, भवनों की स्थिति, विज्ञान एवं कंप्यूटर लैब, पुस्तकालय, खेल सुविधाओं और अन्य संसाधनों का ब्यौरा जुटाया जाएगा। साथ ही यह भी चिह्नित किया जाएगा कि किन स्कूलों में अतिरिक्त कक्षों, भवनों या अन्य सुविधाओं की आवश्यकता है तथा उपलब्ध भूमि का बेहतर उपयोग कैसे किया जा सकता है।
अधिकारियों की टीम स्कूल परिसर की भौतिक स्थिति का भी आकलन करेगी। इसमें कुल भूमि, निर्मित क्षेत्र, खाली भूमि, भवनों की मरम्मत की जरूरत, विद्यार्थियों की संख्या के अनुपात में कमरों की उपलब्धता और खेल गतिविधियों के लिए पर्याप्त स्थान जैसी जानकारियां शामिल होंगी।
हिसार-2 के बीईओ राकेश चराया ने बताया कि सर्वे से स्कूलों की वास्तविक जरूरतों का स्पष्ट आकलन हो सकेगा। इसके आधार पर प्राथमिकता तय कर चरणबद्ध तरीके से विकास कार्य कराए जाएंगे जिससे सरकारी स्कूलों में संसाधनों का बेहतर प्रबंधन और विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराया जा सकेगा।