हिसार। कचरे का आफतकाल खत्म हो गया है। शुक्रवार से सफाई कर्मचारी हड़ताल खत्म कर सड़कों पर उतरेंगे। नगर निगम कर्मचारी के दफ्तर भी खुलेंगे। 15वें दिन कर्मचारियों के काम पर पहुंचने से आमजन के काम भी शुरू होंगे। शहर की सड़कों से लेकर लोगों के घरों तक सड़ रहे 2940 टन कचरे का शुक्रवार से उठान शुरु होगा। सफाई कर्मियों ने अगले 48 से 72 घंटे में शहर को कचरा मुक्त करने का एलान किया है। इसके लिए कर्मचारियों को रात के समय भी काम करना पड़ा तो वह तैयार रहेंगे।
नगर निगम के कर्मचारियों की हड़ताल खत्म करने पर वीरवार को सहमति बन गई। सफाई कर्मचारी यूनियन के प्रदेश स्तरीय नेता शुक्रवार को नगर निगम में धरनास्थल पर पहुंचेंगे। कर्मचारियों को सरकार की ओर से मानी गई मांगों को लेकर जानकारी देंगे। इसके बाद सभी कर्मचारियों को काम पर भेजा जाएगा।
नगर पालिका कर्मचारी संघ के सचिव अनिल डोली ने बताया कि हड़ताल को खत्म नहीं स्थगित किया जा रहा है। सरकार ने हमें मांगों को लेकर भरोसा दिलाया है। 30 जून तक चरणबद्ध तरीके से इन मांगों को पूरा करने पर सहमति दी है।
नगर निगम में प्रतिदिन करीब 210 टन कचरा निकलता है। पिछले 14 दिन में नगर निगम में 2940 टन कचरा शहर में एकत्र हो चुका है। इस कचरे को हटाने के लिए शुक्रवार से ही काम शुरु होगा। कर्मचारी शनिवार-रविवार को भी काम करेंगे। कर्मचारी अतिरिक्त काम करेंगे। जरूरत के अनुसार रात को भी डयूटी देंगे।
समर्थन जुटाने बाजारों में पहुंचे कर्मचारी
हिसार। सर्व कर्मचारी संघ ब्लॉक हिसार ने वीरवार को नगर निगम और अग्निशमन विभाग के हड़ताली कर्मचारियों के समर्थन में शहर के मुख्य बाजार में प्रदर्शन किया। सर्व कर्मचारी संघ से संबंधित विभिन्न विभागों के कर्मचारी पंजाबी धर्मशाला में एकत्रित हुए और वहां से प्रदर्शन शुरू किया। प्रदर्शन की अध्यक्षता ब्लॉक हिसार के वरिष्ठ उपप्रधान अशोक शर्मा ने की तथा संचालन जय कुमार सिवाच ने किया। संघ के राज्य उपप्रधान जयवीर मोर, सुशीला सिहाग और जिला प्रधान अशोक सैनी ने कहा कि नगर पालिका और अग्निशमन विभाग के कर्मचारी अपनी जायज मांगों को लेकर हड़ताल पर हैं, लेकिन सरकार उनकी मांगों की ओर कोई ध्यान नहीं दे रही है।
15वें दिन खुलेंगे दफ्तर...
नगर निगम कार्यालय पिछले 14 दिन से लगातार बंद होने के चलते आम लोगों को काम अटके हुए थे। भवन मैप, एनओसी, प्रॉपर्टी टैक्स, आधार कार्ड, जन्म- मृत्यु प्रमाण पत्र सहित अन्य कार्य नहीं हो पा रहे थे। लोगों को रोजाना खाली हाथ वापस लौटना पड़ता था। शुक्रवार को निगम के दफ्तर खुलने के साथ ही आमजन को राहत मिलेगी।