भिवानी। अतिरिक्त उपायुक्त हर्षित कुमार की अध्यक्षता में लघु सचिवालय स्थित डीआरडीए हॉल में विभिन्न विभागों के अधिकारियों की बैठक हुई। इसमें राष्ट्रीय बाल संरक्षण अधिकार आयोग के तत्वावधान में 16 फरवरी को पंचायत भवन में आयोजित होने वाले विशेष शिविर कार्यक्रम को लेकर चर्चा हुई।
बैठक में एडीसी ने बताया कि विशेष शिविर में अलग-अलग विभागों द्वारा बेंच स्थापित किए जाएंगे, जिसमें बच्चों के अधिकारों की रक्षा के साथ-साथ उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा। बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त हर्षित कुमार ने बताया कि शिविर में पॉक्सो, गुमशुदा, बाल मजदूरी, बाल भिक्षावृत्ति, स्कूल संबंधी किसी दस्तावेज, आधार कार्ड, स्वास्थ्य संबंधी तथा मेडिकल सर्टिफिकेट, बच्चा गोद लेने में आने वाली समस्या जैसी बच्चों से जुड़ी किसी भी तरह की शिकायत को बैंच के सम्मुख रख सकते हैं, जिसका समाधान मौके पर किया जाएगा। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि 16 फरवरी को पंचायत भवन में शिविर के दौरान बेंच स्थापित करके मेंटल रिटायर्ड व दिव्यांग बच्चों के मेडिकल व यूडीआईडी सर्टिफिकेट बनाएं। बच्चों के स्वास्थ्य की जांच करें। इस प्रकार से उन्होंने पुलिस विभाग को निर्देश दिए कि बच्चों पर किसी प्रकार का अत्याचार व उनका शोषण न होने दें।
इसी प्रकार से उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि वे स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था करें। पंचायत विभाग द्वारा गांव में इस विशेष शिविर के बारे में अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार किया जाए। उन्होंने आधार कार्ड सहित अन्य कार्यों से संबंधित अधिकारियों को मौके पर रहने के आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने महिला एवं बाल विकास, श्रम विभाग, समाज कल्याण विभाग, बाल कल्याण समिति, किशोर न्याय बोर्ड के सदस्य सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों को पंचायत भवन में आयोजित होने वाले इस विशेष शिविर में उपस्थित रहने के निर्देश दिए। इस मौके पर डीएसपी मुख्यालय रमेश कुमार, महिला एवं बाल विकास विभाग की कार्यकारी अधिकारी वैशाली, जिला शिक्षा अधिकारी नरेश महता, डीडीपीओ रविंद्र दलाल, बाल विवाह निषेध अधिकारी हरबंस कौर, डीईईओ संतोष नागर, जिला बाल कल्याण अधिकारी ओमप्रकाश, बाल संरक्षण अधिकारी संदीप कुमार, सचिव रेडक्रॉस सोसायटी प्रदीप कुमार, कानूनी सह परिवीक्षा अधिकारी राज कुमार कोठारी मौजूद थे।