डीजे डॉ. पंकज की अदालत ने आठ साल की एक बच्ची को बंधक बनाकर उससे दुष्कर्म जैसी घिनौनी हरकत करने पर आदमपुर एरिया के 70 साल के बुजुर्ग जेठाराम को बुुधवार को दोषी करार दिया है। अदालत उसे वीरवार को सजा सुनाएगी।
आदमपुर थाना पुलिस ने इस संबंध में 31 मई 2015 को पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज किया था। अदालत में चले अभियोग के अनुसार राजस्थान एरिया की एक महिला का मायका आदमपुर एरिया में है। विवाहिता की आठ साल की बच्ची अपनी ननिहाल में रहती आई है। वह घटना के समय तीसरी कक्षा की छात्रा थी। गांव की एक महिला ने पुलिस को शिकायत दी थी कि उसकी ननद की बेटी स्कूल से लौटकर घर आई थी और फिर गांव में ही दूसरे घर में नानी के पास चली गई थी। उन्होंने सोचा बच्ची नानी के पास है। वह रात आठ बजे बच्ची की नानी को खाना देने गए। वहां बच्ची नहीं मिली। तब उन्होंने पूछा तो नानी ने बताया कि वह तो पांच बजे चली गई थी। इस पर बच्ची को ढूंढना शुरू किया। परिवार के सदस्य और पड़ोसी उसे ढूंढने लगे। महिला ने शिकायत दी थी कि रास्ते में एक घर में बच्ची के रोने की आवाज सुनाई दी। उन्होंने दरवाजा खुलवाया तो वह एक कमरे में बंधक मिली और उसकी हालत से पता चला कि उसके साथ दुष्कर्म हो चुका है। महिला ने कहा था कि 70 साल के जेेठाराम ने बच्ची के साथ रेप किया है। बच्ची की हालत खराब थी। परिजन बच्ची को पहले आदमपुर और फिर यहां सरकारी अस्पताल में लाए थे। आदमपुर थाना पुलिस ने पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज कर आरोपी बुजुर्ग जेठाराम को गिरफ्तार किया था। अदालत ने मुकदमे की सुनवाई के बाद बुजुर्ग को दुष्कर्म का दोषी माना है और सजा सुनाने के बारे में फैसला वीरवार तक सुरक्षित रख लिया।