हांसी। नागरिक अस्पताल में प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र खोला जाएगा। इसके लिए नागरिक अस्पताल प्रशासन ने मुख्यालय को पत्र लिखा है। अस्पताल की बंद पड़ी कैंटीन में जन औषधि केंद्र खोला जाएगा। केंद्र पर लोगों को सस्ती दवाइयां मिलेंगी।
इससे उन मरीजों को लाभ होगा, जिनको किसी कारणवश अस्पताल में दवाई खत्म होने पर बाहर से महंगे दाम पर दवाएं खरीदनी पड़ती थीं। इसके अलावा दूसरे अस्पतालों में उपचार करवाने वाले मरीज भी यहां से कम दाम पर दवा खरीद सकेंगे। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के निदेशक ने तीन दिन पहले निरीक्षण के दौरान एसएमओ डॉ. राहुल बुद्धिराजा को जन औषधि केंद्र खुलवाने के लिए कहा था। जिसके बाद अब एसएमओ ने स्वास्थ्य विभाग को पत्र लिखकर केंद्र खोलने की मांग की है। जिस दुकान में केंद्र खोला जाएगा उसकी हालत अभी खराब है। केंद्र खोलने से पहले इसकी मरम्मत भी करवाई जाएगी।
नागरिक अस्पताल में प्रतिदिन 200 से 300 तक होती है ओपीडी
नागरिक अस्पताल में प्रतिदिन 200 से 300 तक ओपीडी होती है। कई बार नागरिक अस्पताल में दवाइयों की कमी हो जाती है। इस कारण मरीजों को बाहर से महंगे दाम पर दवाएं खरीदनी पड़ती हैं। जन औषधि केंद्र खुलने से मरीजों को अस्पताल में ही कम दाम पर दवाइयां उपलब्ध हो सकेंगी।
जन औषधि केंद्र पर मिलती हैं 1800 प्रकार की दवाएं
प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र में करीब 1800 प्रकार की दवाइयां और 285 मेडिकल यंत्र रखे जाते हैं। सबसे खास बात यह है कि ब्रांडेड दवाइयों की तुलना में जन औषधि केंद्रों पर 50 से 90 प्रतिशत तक कम कीमत पर दवाएं मिल जाती हैं। बाजार में मेडिकल स्टोर पर जो दवा 100 रुपये की है, वह जन औषधि केंद्र पर 20 से 40 रुपये में उपलब्ध हो जाती है। इस केंद्र का संचालन अस्पताल के चीफ फार्मेसी ऑफिसर करेंगे। जेनेरिक दवाओं की क्वालिटी ब्रांडेड दवाओं की तरह ही होती है।