अनाज मंडी में शेड के नीचे रखी हुई धान।
हांसी। अनाज मंडी में मंगलवार को पहले दिन गेहूं की आवक नहीं पहुंची। हालांकि, सरसों और धान की आवक अभी जारी है, प्रशासन ने खरीद के लिए पुख्ता प्रबंध किए हैं, लेकिन मंडी में कुछ बुनियादी सुविधाओं की कमी साफ देखी जा रही है। शौचालयों की खराब स्थिति और स्ट्रीट लाइटों की कमी के अलावा, मंडी में बनाए गए शेडों में धान का पड़ा होना गेहूं की आवक को खुले में रखने पर किसानों को मजबूर कर सकता हैं। मंडी प्रशासन की ओर से गेहूं उठान के लिए 20 लाख बैग मंगवाए गए हैं। गेहूं की नियमित आवक 10 अप्रैल तक शुरू होने की उम्मीद है।
मंडी में गेहूं की आवक से पहले मार्केट कमेटी प्रशासन ने तैयारी कर ली है, लेकिन यह तैयारियां पर्याप्त नहीं है। मंडी में स्ट्रीट लाइटें कम हैं, जिसके चलते खरीद के दिनों में मार्केट कमेटी की तरफ से अतिरिक्त स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था की जाती है। शौचालय की व्यवस्था भी ठीक नहीं है। शौचालय टूटे हुए हैं व यहां से आ रही बदबू के कारण लोग भी परेशान हैं। इस बार मंडी में धान की रिकॉर्ड आवक हुई है। आवक अब तक जारी है। ऐसे में शेडों के नीचे अभी तक धान की ढेरियां पड़ी हैं। मंडी में गेहूं की खरीद हैफेड व खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की तरफ से की जाएगी। दोनों एजेंसी एक-एक दिन खरीद करेगी। हांसी के अलावा सिसाय स्थित सब यार्ड व घिराय स्थित खरीद केंद्र में खरीद की जाएगी।
गेहूं के लिए जगह पड़ती है कम
गेहूं की आवक के चलते मंडी में जगह की कमी होती है। शेड के बाहर रखी जाने वाली फसल को ढकने के लिए आढ़तियों को अपने स्तर पर इंतजाम करना पड़ता है। मार्केट कमेटी ने नई सब्जी मंडी की पार्किंग सहित जींद रोड पर तीन राइस मिल की खाली जगह पर व्यवस्था की है। वहीं मंडी के साथ खाली पड़ी जगह में भी गेहूं रखी जा सकेगी।
हमने अपनी तरफ से तैयारियां कर ली हैं। बारदाने के लिए 20 लाख बैग मंगवाए हैं। उठान व ट्रांसपोर्ट के लिए टेंडर हो चुका है। जल्दी ही सूची आ जाएगी। खरीद के लिए कर्मचारियों की ड्यूटी लगा दी है।
- बबली यादव, मैनेजर, हैफेड
पहले दिन गेहूं न आने से खरीद नहीं हुई। मंडी में सफाई व्यवस्था सुचारू रूप से है। बिजली, लाइट, पानी की व्यवस्था है। शौचालयों की सफाई करवा दी है।
- अमित रोहिल्ला, सचिव, मार्केट कमेटी