हिसार। जिले की मंडियों में फरवरी से सरसों की आवक शुरू हो चुकी है। 15 मार्च से सरसों की सरकारी खरीद शुरू हो चुकी है, मगर पांच दिन बाद भी मंडी में सरकारी खरीद शुरू नहीं हो सकी। बुधवार दोपहर को एक किसान ने 18 क्विंटल सरसों बेचने के लिए गेट पास कटवाया, लेकिन सरसों में 8 प्रतिशत से ज्यादा नमी पाई गई। इस कारण सरसों की सरकारी खरीद नहीं हो सकी। मार्केट कमेटी के अधिकारियों की मानें तो सरसों में नमी की मात्रा ज्यादा होने के कारण अभी किसान सरसों लेकर मंडी नहीं आ रहे हैं।
मंडी में 3748 क्विंटल हो चुकी सरसाें की आवक
हिसार की नई अनाजमंडी में अब तक 3748 क्विंटल सरसों की आवक हो चुकी है। इसमें से 3668 क्विंटल सरसों प्राइवेट एजेंसी खरीद चुकी है। वर्तमान में 80 क्विंटल सरसों अनसोल्ड पड़ी है। प्राइवेट एजेंसी की ओर से 5300 रुपये से लेकर 5950 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से सरसों खरीदी जा रही है। जबकि सरसों का सरकारी रेट 5950 रुपये है।
इन मंडियों में खरीदी जाएगी सरसों
हांसी, लोहारी राघो, उकलाना, आदमपुर, हिसार की नई अनाजमंडी, नारनौंद, बरवाला, अग्रोहा, घिराय, सिसास, बालसमंद और खेड़ी चोपटा।
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15 मार्च से सरसों की सरकारी खरीद शुरू हुई थी। हम तो चार दिन बाद पहुंचे हैं। दोपहर तक कोई भी सरकारी एजेंसी की ओर से सरसों खरीदने के लिए कर्मचारी नहीं आया। काफी इंतजार किया। उसके बाद प्राइवेट एजेंसी को 28 क्विंटल सरसों 5671 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से बेच दी। -
राजेश, किसान, मीरपुर निवासी
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मैंने तो सरसों बेचने के लिए पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन नहीं करवाया था। प्राइवेट एजेंसी को 12 क्विंटल सरसों 5650 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से बेची है। सरकारी रेट पर बेचते है तो भुगतान लेट होता है। प्राइवेट एजेंसी को बेचने से समय पर भुगतान मिला जाता है।
- राजपाल, किसान, नंगथला निवासी
नई अनाजमंडी में फरवरी से सरसों की आवक शुरू हो गई थी। अब तक मंडी में 3748 क्विंटल गेहूं पहुंच चुकी है। इसमें से 3668 क्विंटल सरसों प्राइवेट एजेंसी ने खरीद है। 80 क्विंटल सरसों अभी मंडी में रखी हुई है। बुधवार दोपहर को एक पंजीकृत किसान ने सरसों बेचने के लिए गेट पास कटवाया था। मगर उसमें नमी की मात्रा 8 प्रतिशत से ज्यादा थी। ऐसे में बुधवार को भी सरकारी खरीद नहीं हो पाई।
- अशोक कुमार, सुपरवाइजर, मार्केट कमेटी