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Hisar News: घर हो या पार्क, हर जगह कुत्तों और बंदरों का उत्पात

Thu, 02 Feb 2023 10:57 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
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नागरिक अस्पताल में खड़ी कार पर बैठा बंदर। 
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भिवानी। शहर में इन दिनों कुत्ते और बंदर के उत्पात से लोग परेशान है। इनके काटने की वजह से आए दिन नागरिक अस्पताल की ओपीडी में एंटी रैबीज वैक्सीन लगवाने के लिए मरीज पहुंच रहे हैं। नागरिक अस्पताल की ओपीडी की बात करें तो जनवरी के महज 20 दिन में 228 केस सामने आए हैं, जिन्हें कुत्ते या फिर बंदर के काटने की वजह से एंटी रैबीज वैक्सीन की डोज लगवाई है।
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वहीं, नगर परिषद ने पिछले दिनों बंदर पकड़ने का अभियान भी शुरू किया था, जोकि इन दिनों सुस्त सा नजर आ रहा है। नगर परिषद की लापरवाही के कारण आमजन को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शहर में सबसे अधिक आदर्श नगर, बाबा नगर, सिविल अस्पताल, नेहरू पार्क, हनुमान गेट, हनुमान ढाणी, पतराम गेट, बावड़ी गेट, दादरी गेट, कृष्णा कॉलोनी, एमसी कॉलोनी, सब्जी मंडी क्षेत्र, विकास नगर, आजाद मोहल्ला, खाड़ी मोहल्ला, हालु बाजार, विद्यानगर सहित अन्य कॉलोनियों में बंदरों ने परेशानी की हुई है। वहीं, चिरंजीवी कॉलोनी, जगत कॉलोनी, बीटीएम चौक क्षेत्र में कुत्तों ने उत्पात मचाया हुआ है। पिछले एक सप्ताह में यहां कुत्तों के काटने के 10 से 12 मामले सामने आ चुके हैं मगर प्रशासन ने अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की है।
यूं दिया जाता है तीन तरह का उपचार
सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर कुत्ते या बंदर काटने से घायल मरीजों का उपचार किया जाता है। इनके तहत 0, 3, 7, 14, 28 और 59 दिन के अंतराल पर एंटी रैबीज वैक्सीन दी जाती है। पहले दो स्टेज में तीन और चार वैक्सीन लगाई जाती है जबकि तीसरी स्टेज में उपचार का समय 59 दिन तक हो सकता है।
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इन बातों का रखें ख्याल
-कुत्ता या बंदर के काटते ही घाव को साबुन के पानी से तत्काल साफ करें।
- घाव साफ करने के बाद घरेलू उपचार के बजाय तत्काल स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे।
- घाव पर कपड़ा न बांधे और टांके लगवाने के बजाय इसे खुला छोड़ दें।
- एंटी रैबीज वैक्सीन का पूरा कोर्स लें और विशेषज्ञ की सलाह लेकर ही इसे बंद करे।
सरकारी केंद्रों पर 100 रुपये में मिलती है वैक्सीन, बाहर रेट 350 रुपये
सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों की बात करें तो वैक्सीन की डोज महज 100 रुपये में मिलती है। ओपीडी या इमरजेंसी कक्ष में पहुंचकर मरीज यह डोज लगवा सकते हैं। वहीं, बाहर वैक्सीन की एक डोज 350 रुपये में मिलती है। राहत की बात यह है कि फिलहाल विभाग के स्टाक में पर्याप्त वैक्सीन है। पहली, दूसरी या बाद की डोज लगवानी है वो ओपीडी के कमरा नंबर 27 में बने इंजेक्शन कक्ष में विजिट कर सकते हैं।
कॉलोनी में कुत्ते और बंदर आक्रामक हो गए हैं। कुत्तों के काटने के 10 से 12 मामले मिले चुके हैं। इसकी शिकायत उपायुक्त कार्यालय, नगर परिषद में की जा चुकी है मगर अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
- राजेश डुडेजा, चिरंजीवी कॉलोनी।
अस्पताल में एंटी रैबीज वैक्सीन का पर्याप्त स्टॉक है। नागरिक अस्पताल के साथ ही ग्रामीण स्वास्थ्य केंद्रों पर भी आवश्यकता के अनुसार स्टॉक सप्लाई करवा जा रहा है। इनके बीपीएल कार्ड है उन्हें निशुल्क वैक्सीन लगती है, जबकि अन्य को सरकार रेट के हिसाब से वैक्सीनेशन किया जाता है।
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- डॉ. रघुवीर शांडिल्य, सिविल सर्जन।
शहर में बंदर पकड़ने के टेंडर का अनुमानित बजट बनाकर तैयार किया है। टेंडर स्वीकृत होते ही बंदर पकड़ने का अभियान दोबारा से शुरू कर दिया जाएगा।
- भवानी प्रताप, प्रतिनिधि नगर परिषद चेयनपर्सन।
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