हिसार। मानसून टर्फ हरियाणा से खिसककर तराई क्षेत्रों में पहुंच गया है। इससे पूरे प्रदेश में मानसून ब्रेक की स्थिति बन गई है। अगले एक सप्ताह तक बारिश की गतिविधियां कमजोर रहने की संभावना है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार 3-4 सितंबर से मानसून फिर सक्रिय हो सकता है। इसके बाद प्रदेश में बारिश के आसार बनेंगे।
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्र मोहन ने बताया कि हरियाणा, एनसीआर और दिल्ली में मानसून की गतिविधियां कमजोर पड़ गई हैं। इस सीजन में यह मानसून का चौथा ब्रेक है। उन्होंने कहा कि इस बार मानसून अपेक्षाकृत कमजोर रहा है।
एनसीआर के जिलों में इस बार सबसे अधिक बारिश हुई है, जबकि उत्तरी जिलों में बारिश सामान्य रही। दक्षिणी और मध्य हरियाणा में बारिश सामान्य से कम दर्ज की गई है।
अगस्त के अंत तक उमस करेगी परेशान
डॉ. चंद्र मोहन के अनुसार अगस्त के अंत तक कमजोर मानसून की स्थिति बनी रहेगी। इस दौरान तापमान धीरे-धीरे बढ़ेगा। गर्म और आर्द्र हवाओं के कारण उमस बढ़ने से लोगों को परेशानी होगी। प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में दिन और रात का तापमान सामान्य से अधिक बना हुआ है।
सितंबर में फिर सक्रिय होगा मानसून
25 अगस्त के आसपास बंगाल की खाड़ी में बने नए निम्न दबाव क्षेत्र का आंशिक असर सितंबर के पहले सप्ताह में हरियाणा, एनसीआर और दिल्ली में देखने को मिल सकता है। इससे मानसून गतिविधियां दोबारा जोर पकड़ सकती हैं। मानसून अपने अंतिम चरण में एक बार फिर सक्रिय होने की संभावना है। सितंबर के दूसरे सप्ताह में इसकी विदाई शुरू होने के आसार हैं।